हड़ियागाड़ा में दोस्त सुरेश कश्यप के साथ केले के खेत में खड़े शिवम सिंह। - संवाद
बालपुर (गोंडा)। दोस्त की सलाह ने युवा टेक्नीशियन को प्रगतिशील किसान बना दिया। हलधरमऊ के हड़ियागाड़ा निवासी शिवम सिंह निजी कंपनी में 22 हजार रुपये प्रतिमाह की नौकरी करते थे। खेती में रुझान की वजह से उन्होंने नौकरी छोड़ दी। अब केले की खेती करके सालाना लाखों रुपये की कमाई कर रहे हैं।
शिवम सिंह ने बताया कि वह भारती इंफ्राटेल लिमिटेड कंपनी में 22 हजार रुपये वेतन पर टेक्नीशियन की नौकरी करते थे। इतने कम वेतन से घर का खर्च चलाना मुश्किल होता था। वर्ष 2021 में टेक्नीशियन की नौकरी छोड़कर कोई दूसरे काम की तलाश करने लगे। तभी दोस्त सुरेश कश्यप ने केले की खेती करने की सलाह दी। वर्ष 2022 में दोस्त के सहयोग से पांच बीघा में केले की खेती की शुरुआत की। इसमें एक लाख रुपये खर्च हुए। पैदावार अच्छी हुई। शिवम ने बताया कि करीब चार लाख रुपये मुनाफा हुआ।
अब शिवम ने 10 बीघे में केले की फसल लगा रखी है। इससे करीब 10 लाख का मुनाफा होने की उम्मीद है। खेती करने पर उद्यान विभाग से अनुदान भी मिल जाता है जिससे लागत कम हो जाती है। पिछले साल उद्यान विभाग से 30 हजार रुपये का अनुदान मिला था। उन्होंने बताया कि पहली बार खेती करने पर लागत अधिक आती है। बाद में पौधे तैयार हो जाते हैं तो कम रुपये खर्च करने पड़ते हैं।