गोंडा। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत जिले में करीब 1500 कोटेदार खाद्यान्न वितरण कर रहे हैं। इन्हें सितंबर महीने के बाद लाभांश नहीं दिया गया हैए जिससे उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। कोटेदारों का कहना है कि समय पर भुगतान न होने से दुकान का संचालन, किराया व बिजली बिल की व्यवस्था करना मुश्किल हो गया है।
कोटेदार संघ के जिला महामंत्री लवलेश सिंह ने बताया कि शासन से मिलने वाला कमीशन ही कोटेदारों की आय का एकमात्र स्रोत है। लंबे समय से भुगतान न होने से उन्हें कर्ज लेकर दुकान चलानी पड़ रही है। शिवपूजन सिंह ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार विभागीय अधिकारियों से मांग की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं हो सका। कोटेदारों ने चेतावनी दी कि यदि दिसंबर महीने में खाद्यान्न वितरण से पहले लाभांश का भुगतान न किया गया तो आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। डीएसओ कुंवर दिनेश प्रताप सिंह ने कहा कि भुगतान की प्रक्रिया शासन स्तर से पूरी की जाती है। उच्चाधिकारियों से वार्ता की गई है, जल्द ही लाभांश जारी होने की उम्मीद जताई जा रही है।