सुभागपुर रेलवे क्रासिंग का फाटक खुलने के बाद कई मिनटों तक जाम में फंसे रहे लोग। -संवाद
गोंडा। बलरामपुर रोड स्थित सुभागपुर रेलवे क्रॉसिंग पर शुक्रवार सुबह एक बार फिर जाम का झाम देखने को मिला। सुबह 09:51 बजे जैसे ही फाटक बंद हुआ, दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। बाइक, कार और एंबुलेंस तक धूप में फंसी रहीं। हर किसी की नजर फाटक खुलने पर टिकी थी, लेकिन इंतजार लंबा होता गया। करीब 18 मिनट बाद फाटक खुला, लेकिन राहत नहीं मिली। जाम इतना लंबा था कि वाहन रेंगते हुए आगे बढ़े। महज 500 मीटर का सफर तय करने में पूरे 29 मिनट लग गए।
दवा व्यापारी सतीश शुक्ल ने बताया कि उनके घर और दुकान की दूरी मात्र 500 मीटर है, बीच में क्रॉसिंग पर जाम के कारण 09:51 बजे निकले और 10:20 बजे दुकान पहुंचे। गुड्डू शुक्ल ने कहा कि यह समस्या रोज की है। फाटक अक्सर लंबे समय तक बंद रहता है, जिससे लोगों का समय बर्बाद होता है। राहुल ने बताया कि स्कूल खुले होने पर समस्या बढ़ जाती है। कई बार स्कूल देरी से पहुंचने पर उनकी बेटी की कक्षाएं छूट चुकी हैं।
हजारों लोग करते हैं सफर
यह मार्ग गोंडा को बलरामपुर, तुलसीपुर, पचपेड़वा और नेपाल बॉर्डर से जोड़ता है। रोजाना हजारों लोग इसी रास्ते से गुजरते हैं। मेहनौन विधायक विनय कुमार द्विवेदी और बलरामपुर विधायक पल्टूराम भी इसी मार्ग से प्रतिदिन अपने विधानसभा क्षेत्र में जाते हैं। जनप्रतिनिधि, वकील, व्यापारी ही नहीं अक्सर एंबुलेंस तक जाम में फंस जाती हैं, जिससे स्थिति और गंभीर हो जाती है।
मालगाड़ी की शंटिंग बनती बड़ी वजह
स्थानीय दुकानदार संतोष ने बताया कि सुभागपुर में माल गोदाम होने के कारण यहां अक्सर मालगाड़ियों की शंटिंग होती है। इस प्रक्रिया में 15 से 25 मिनट तक फाटक बंद रहता है। इसी दौरान नियमित ट्रेनों का संचालन भी होता है, जिससे क्रॉसिंग लंबे समय तक बंद रहती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि ओवरब्रिज या अंडरपास का निर्माण ही इस समस्या का एकमात्र हल है।