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मंडल के चारों जिलों में जिपं अध्यक्ष जिताने की कवायद

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गोंडा। देवीपाटन मंडल के चारों जिलों में जिला पंचायत अध्यक्ष के पद पर भाजपा समर्थित प्रत्याशी को जिताने की कवायद तेज हो गई है। अभी फिलहाल किसी भी जिले में प्रत्याशी के नामों की घोषणा नही हुई है लेकिन पार्टी के एक कद्दावर सांसद लगातार चारों जिलों के जिला पंचायत सदस्यों का मन टटोलने में जुटे हैं।
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पार्टी को भी भरोसा है कि ऐसा कुछ होगा कि पार्टी के ही अध्यक्ष चुनाव जीतेंगे। जिले की जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर पार्टी समर्थित को जिताने के साथ ही अन्य तीनों जिलों पर भी गोंडा से ही नजर रखी जा रही है। बता दें कि पार्टी क्षेत्रीय अध्यक्ष शेष नरायण मिश्र भी जिले के हैं, ऐसे में पार्टी के लिए मंडल की जीत ज्यादा जरूरी बताई जा रही है।
मंडल के जिलों में जीत का आकंडा आसानी से पार करने के लिए पार्टी पूरे शिद्दत से जुटी है। जून के पहले सप्ताह तक जीत के लिए तय सदस्यों की संख्या को पूरा करने के लिए जोर आजमाइश हो रही है। गोंडा में 65 सदस्यों वाले जिला पंचायत में अध्यक्ष के लिए 33 सदस्य चाहिए।
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चुनाव में महत्वपूर्ण दखल रखने वाले कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह यहां पूरी ताकत से जुटे हैं और अंदरखाने से मिली सूचना के मुताबिक वह तय आंकडे़ से अधिक लोगों को जोड़ चुके हैं। पार्टी की ओर से प्रत्याशी तय होते ही ऐन वक्त पर इसका खुलासा हो जाएगा।
इसी तरह बहराइच में 63 जिला पंचायत सदस्य हैं और यहां अध्यक्ष पद पर जीत के लिए 32 सदस्यों की जरूरत होगी। यहां भी कैसरगंज सांसद की पूरी टीम जुटी है और परिणाम के करीब पहुंच चुके हैं।
श्रावस्ती में 22 सदस्यों वाली सीट पर जीत के लिए 12 सदस्य चाहिए और बलरामपुर में 40 सदस्यों वाली सीट पर अध्यक्ष पद के लिए 21 सदस्य चाहिए। इन सीटों पर सांसद की टीम पूरा होमवर्क कर चुकी हैं। माना जा रहा है कि चारों जिलों में भाजपा को जीत दिलाने के लिए कैसरगंज सांसद की टीम सक्रिय है और पार्टी को इसकी जानकारी भी दी जा चुकी है।
फिलहाल सांसद की ओर से अधिकारिक रूप से कोई जानकारी नही दी गई है। लेकिन उनके खेमे के लोगों में उत्साह है। अयोध्या मंडल के भी एक जिले में सांसद के दखल की गूंज हैं। जिससे वहां भी भाजपा समर्थित को जिताने की गणित बैठाई जा रही है। इन जिलों में अध्यक्ष के चुनाव में जिले की भूमिका काफी अहम हो गई है।
पंचायत चुनाव के परिणाम के बाद भाजपा को झटका लगा था। इसे सुधारने के लिए जिला पंचायत अध्यक्षों की अधिक से अधिक सीटों पर पार्टी जीतकर ताकत दिखाने के फेर में है। इसके लिए पंचायत चुनाव के महारथी से काफी उम्मीदें हैं।
माना जा रहा है कि अवध के कई जिलों में पंचायत अध्यक्ष के चुनाव में कैसरगंज सांसद की भूमिका काफी अहमियत रखती है। इसके साथ ही सांसद से दूसरे जिलों के लोग मिल भी रहे हैं, माना जा रहा है कि पार्टी अभी हर परिस्थिति पर मंथन कर रही है। जल्द ही पार्टी अपने रणनीति का खुलासा करेगी।
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