गोंडा। मिशन शक्ति अभियान के तहत 12 साल से कम उम्र की बच्चियों के साथ दुष्कर्म व हत्या के अदालत में चल रहे दस अभियोगों में से एक मामले में अदालत ने दुष्कर्म के आरोपी दो अभियुक्तों को दस-दस साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत में अभियुक्तों को सजा दिलाने के लिए पैरवी करने पर आईजी ने थाना उमरी बेगमगंज के थाना प्रभारी व पैरोकार को पुरस्कृत किया है।
आईजी डॉ. राकेश सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री के मिशन शक्ति को सफल बनाने के लिए जनपद गोंडा में चिन्हित 12 वर्ष से कम उम्र की बच्चियों के साथ घटित दुष्कर्म व हत्या के 10 अभियोगों में से थाना उमरी बेगमगंज में दर्ज दुष्कर्म व पॉक्सो एक्ट के एक मुकदमे में विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने आठ फरवरी को अभियुक्त कुन्ने व महियत निवासी घरहनपुरवा बच्चीमाझा थाना उमरी बेगमगंज को 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास व 14000-14000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियुक्तों को सजा दिलाने में अदालत में प्रभारी पैरवी करने वाले थाना प्रभारी उमरी बेगमगंज रतन पांडेय व पैरोकार हेड कांस्टेबल दीबंधु दूबे को आईजी ने पुरस्कृत किया है। बताया कि देवीपाटन परिक्षेत्र में महिलाओं के लिए भयमुक्त माहौल उपलब्ध कराना व महिला संबंधित अपराधों में कमी लाना प्राथमिकता है।
नाबालिग लड़कियों से संबंधित अपराधों को परिक्षेत्र स्तर पर चिन्हित कर प्रभावी पैरवी कराकर आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दिए जाने के लिए निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। परिक्षेत्र स्तर पर नियमित अभियान चलाकर मिशन शक्ति अभियान को और अधिक प्रभावी बनाया जा रहा है। थाना स्तर व जिलों में गठित एंटीरोमियों टीम, मिशन शक्ति के अंतर्गत की गई कार्यवाही संबंधित नियमित रिपोर्ट जनपदों से ली जा रही है।