फोटो-11 गोंडा के महिला अस्पताल में अकाउंटेंट को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित करते डॉ. योगेंद्र सिं?
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गोंडा। जिला महिला अस्पताल में कायाकल्प अवार्ड मिलने में योगदान करने वाले 45 कर्मियों का प्रशस्ति पत्र पाकर चेहरा नहीं खिल सका, उनके चेहरे पर छह माह से मानदेय न मिलने का दर्द साफ दिखाई दे रहा था। कुछ कर्मियों ने महकमा के मुखिया के सामने दर्द बयां करना चाहा तो जिम्मेदारों ने चुप्पी बंधा दी।
जिला महिला अस्पताल को कायाकल्प योजना के तहत प्रदेश में 11वां स्थान मिला है। इस उपलब्धि में योगदान करने वाले स्वास्थ्य कर्मियों, सफाई कर्मचारियों व चिकित्सकों को सम्मानित करने के लिए मंगलवार को अस्पताल में पुरस्कार वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। अस्पताल के चिकित्सक से लेकर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित कर हौसला बढ़ाने का प्रयास किया गया। मुख्य अतिथि के रूप में स्वास्थ्य महकमा के मुखिया स्वास्थ्य कर्मियों व सफाई कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित कर रहे थे। आउट सोर्सिंग पर काम कर रहे कर्मचारियों को सम्मान मिलने की बारी आई तो उनके चेहरे पर प्रशस्ति - पत्र पाने की खुशी नहीं बल्कि पिछले छह माह से मानदेय न पाने का दर्द छलक उठा। आंखों में आंसू लिए एक कर्मी महकमा के मुखिया के सामने अपना दर्द बयां करना चाहा तो महिला अस्पताल के जिम्मेदारों ने मुंह पर चुप्पी साधने का संकेत दे दिया। कर्मियों ने बताया कि जिला महिला अस्पताल में आउट सोर्सिंग के जरिए नियुक्ति किए गए 45 कर्मियों को अक्तूबर माह से मानदेय नहीं दिया गया। अब उनके सामने परिवार के भरण-पोषण का संकट गहरा गया है। कहा कि यदि विभाग को सम्मान करना था तो यह प्रशस्ति पत्र और पानी की बोतल न देकर उनका बकाया मानदेय दिलवा देते।
250 कर्मियों व डॉक्टरों को मिला सम्मान
सम्मान समारोह में जिला महिला अस्पताल के 250 कर्मियों व डॉक्टरों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। सम्मान पाने के बाद सभी ने संकल्प लिया कि अस्पताल की सुविधाओं को और बेहतर बनाकर प्रदेश में पहला स्थान हासिल करेंगे।
पुरस्कार वितरण समारोह में सीएमओ डॉ.आएएस केसरी, जिला अस्पताल के प्रमुख अधीक्षक डॉ. सुरेंद्र रावत, सीएमएम महिला अस्पताल डॉ. सुषमा सिंह, डॉ. सुवर्णा कुमार व डॉ. योगेंद्र सिंह आदि स्वास्थ्य कर्मियों व चिकित्सकों को सम्मानित किया। सीएमओ डा.आरएस केसरी ने कहा कि सरकारी अस्पतालों की छवि बदलने की जरूरत है। इसका लाभ आम लोगों को मिलना चाहिए। जिला महिला अस्पताल की सीएमएस डा. सुषमा सिंह ने कहा कि बदलते समय के साथ अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं में लगातार सुधार आ रहा है। सम्मानित होने वाले में अकाउंटेंट प्रभात कुमार, क्वालिटी मैनेजर डॉ. वेद प्रकाश चौधरी, चीफ फार्मासिस्ट सालिक राम तिवारी, अनीता गुप्ता, रामचंद्र, मीरा देवी, अखिलेश भारती, जयशंकर भारती मौजूद रहे।