ब्लॉक प्रमुख पद के चुनाव के दौरान बीडीसी सदस्यों को आई कार्ड जारी करने का दांव डीएम को उल्टा पड़ गया है। हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने बुधवार को इस मुद्दे को संज्ञान में लेते हुए डीएम से गुरुवार को लिखित जवाब मांगा है।
हाईकोर्ट लखनऊ में दायर की गई याचिका में गैसड़ी ब्लॉक के भावी ब्लॉक प्रमुख प्रत्याशी व बीडीसी सदस्य डॉ. शिशिर यादव ने कहा था कि गत 27 जनवरी को बलरामपुर की डीएम ने सभी ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारियों को निर्देश दिया है कि सभी निर्वाचित बीडीसी सदस्यों को फोटोयुक्त पहचान पत्र जारी किया जाए।
शिशिर का आरोप है कि डीएम ने यह निर्देश राज्य निर्वाचन आयोग के कहने पर नहीं बल्कि जिले में सपा समर्थित प्रत्याशियों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से दिया है। डॉ. शिशिर यादव की याचिका पर हाईकोर्ट लखनऊ की डबल बेंच न्यायाधीश अमरेश्वर प्रताप शाही तथा अट्टू रहमान मसूदी ने बुधवार को डीएम से गुरुवार को लिखित जवाब कोर्ट में देने का आदेश दिया है।
इस संबंध में डीएम प्रीति शुक्ला ने बताया कि उन्होंने फोटोयुक्त पहचान पत्र जारी करने का आदेश मतदाताओं की सुविधा के लिए दिया था। मतदाताओं को फोटोयुक्त आईडी बनवाना अनिवार्य नहीं किया गया है। इस संबंध में हाईकोर्ट ने जो भी आदेश दिया है उसका अनुपालन कराया जाएगा।