गोंडा के विकास भवन में सीडीओ से मिलने पहुंचे ग्राम प्रधान। स्रोत: संगठन
गोंडा। पंड़रीकृपाल ब्लॉक के मलारी ग्राम पंचायत सचिव विजय कुमार और ग्राम प्रधान पति रामप्रकाश वर्मा के बीच मारपीट का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। सोमवार को सचिव पर गंभीर आरोप लगाते हुए ज्ञापन देने पहुंचे ग्राम प्रधान संगठन के पदाधिकारियों की सीडीओ से तीखी नोंकझोंक हो गई। जिलाध्यक्ष ने एक सप्ताह में निष्पक्ष जांच के बाद कार्रवाई की मांग की है।
सोमवार दोपहर ढाई बजे ग्राम प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष उमापति त्रिपाठी, मलारी की प्रधान धूपा देवी और पदाधिकारियों के साथ मामले में न्याय के लिए सीडीओ एम. अरुन्मोली को ज्ञापन देने पहुंचे थे। जिलाध्यक्ष का आरोप है कि सीडीओ एम. अरुन्मोली ने बिना दूसरा पक्ष सुने मामले में कार्रवाई की है। ऐसे में सीडीओ व प्रधान संघ जिलाध्यक्ष समेत पदाधिकारियों की सीडीओ से नोंकझोंक शुरू हो गई है।
जिलाध्यक्ष का आरोप है कि सीडीओ ने बिना किसी जांच मामले में प्रधान पति राम प्रकाश को बेटे व भतीजे समेत जेल भेजने की धमकी दी। जबकि ग्राम पंचायत में तीन महीने पूर्व इंटरलाॅकिंग का काम कराया गया। मगर ग्राम सचिव विजय कुमार भुगतान के लिए लगातार हीलाहवाली कर रहे थे। गत 24 मई को फोन कर प्रधान धूपा देवी को भुगतान के लिए मुख्यालय बुलाया। प्रधान के मुताबिक सचिव विजय कुमार शराब के नशे में थे। वह अभद्रता करने लगे। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हो गई। इसके बाद सचिव विजय कुमार ने प्रधान पति राम प्रकाश वर्मा, बेटे, भतीजे समेत 20 अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी है।
ग्राम पंचायत अधिकारी संघ के जिलाध्यक्ष यमुना प्रसाद और ग्राम विकास अधिकारी संघ के जिलाध्यक्ष अनूप कुमार श्रीवास्तव की अगुवाई में रविवार को सचिव एसोसिएशन ने प्रशासन को प्रधान पति की गिरफ्तारी के लिए तीन दिन का समय दिया है। वहीं, सोमवार को प्रधान संगठन जिलाध्यक्ष उमापति त्रिपाठी ने एक सप्ताह में कमेटी गठित कर मामले में जांच न होने पर धरना-प्रदर्शन की चेतावनी दी।
डीपीआरओ लालजी दूबे का कहना है कि ग्राम प्रधान संघ ने भी अपनी बात रखी है। उच्चाधिकारियों ने मामले की निष्पक्ष जांच के लिए कमेटी गठित करने के निर्देश दिए हैं। कमेटी गठित कर दी गई है। उच्चाधिकारियों की अनुमति के बाद मामले की निष्पक्ष जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
नगर कोतवाल राजेश सिंह का कहना है कि
मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के संदर्भ में दबिश दी जा रही है। उन्हें शीघ्र गिरफ्तार कर जेल भेज दिया जाएगा।