विभाग के स्वास्थ्य उपकेंद्रों में तैनात डॉक्टर व अन्य कर्मचारी अपनी आदतों से बाज नहीं आ रहे हैं।। सीएमओ के बार-बार औचक निरीक्षण के बावजूद न तो डॉक्टर समय से अस्पताल आ रहे हैं और न ही उनके अधीन काम करने वाले कर्मचारी। मंगलवार को सुबह औचक दौरे पर करनैलगंज पहुंचे सीएमओ को सीएचसी में पांच डॉक्टर व 13 कर्मचारी ड्यूटी से गायब मिले। इसे लेकर सीएमओ डॉ. अमर सिंह कुशवाहा ने गैरहाजिर मिले पांच डॉक्टरों व 13 लोगों का वेतन अग्रिम आदेशों तक के लिए रोक दिया है। वहीं, सभी से इस संबंध में जवाब भी मांगा गया है।
जिले में स्वास्थ्य केंद्रों पर तैनात डॉक्टरों व कर्मचारियों की मनमानी रुकने का नाम नहीं ले रही है। मंगलवार को सुबह 10 बजे सीएचसी करनैलगंज के औचक निरीक्षण को पहुंचे सीएमओ डॉ. अमर सिंह कुशवाहा को सीएचसी में संविदा पर तैनात पांच डॉक्टरों समेत कुल 18 लोगों का चिकित्सीय स्टाफ ड्यूटी से नदारद मिला।
इसमें डॉ. फिरदौस, डॉ. सुशील कुमार, डॉ. अशोक कुमार, डॉ. अजीत सिंह व डॉ. जयप्रकाश समेत वार्ड बॉय प्रकाश मिश्र, चपरासी अरुणेंद्र, लैब टेक्नीशियन दिलीप कुमार, प्रमोद कुमार, अष्टभुजा पांडेय, एनएमए राजेंद्र बहादुर, आप्टोमेट्रिस्ट एके गोस्वामी, कनिष्ठ लिपिक देवेंद्रनाथ मिश्र, एड्स काउंसलर संतोष कुमार, स्वास्थ्य सूचना शिक्षाधिकारी मनोज कुमार, एमसीटीएस ऑपरेटर आदेश कुमार सहित 18 लोग शामिल हैं।
सीएमओ ने बताया कि औचक निरीक्षण में नदारद मिले डॉक्टरों समेत सभी 18 लोगों का वेतन तत्काल प्रभाव से अग्रिम आदेशों तक के लिए रोक दिया गया है।
साथ ही ड्यूटी से गैरहाजिर रहने को लेकर सभी से लिखित जवाब भी मांगा गया है। उन्होंने बताया कि जो भी डॉक्टर व चिकित्सीय स्टाफ समय से ड्यूटी नहीं आएगा, उससे सख्ती से निपटा जाएगा।