गोंडा। अर्नब तूफान की चेतावनी के बीच मौसम का मिजाज दूसरे दिन भी बदला रहा। बुधवार से बादल छाए रहने व धुंध से किसानों की चिंता बढ़ गई। धान और मक्के की फसल को बारिश और तेज हवा से बचाने के लिए किसान कटाई, मड़ाई और उपज को सुरक्षित करने में जुट गए हैं। उधर, मौसम में बदलाव के अलर्ट के बाद प्रशासन ने संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
पसका संवाद के अनुसार, बृहस्पतिवार को लोहंगपुर के पूरे पंडित निवासी किसान रामकिशोर, रिंकू, शिवलाल और गौरीशंकर धान की फसल को सुरक्षित करने में लगे रहे। किसानों ने बताया कि कटी हुई धान की फसल को समेटकर मड़ाई करा ली गई है। खेतों में खड़ी फसल को भी जल्द काटकर सुरक्षित करने का प्रयास किया जा रहा है। किसान शिवलाल ने बताया कि मक्के की बालियों को पौधों से तोड़कर सुखाने के लिए रख दिया है, ताकि मौसम खराब होने से पहले उपज को बचाया जा सके।
जिला कृषि अधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है। किसानों से फसलों को सुरक्षित करने की अपील की गई है।
इन बातों का रखें ध्यान
- मौसम विभाग और प्रशासन की चेतावनियों पर नजर रखें। कटी फसल समेटकर सूखी और सुरक्षित जगह पर रखें।
- बारिश से बचाने के लिए धान व मक्के को तिरपाल से ढकें। खाद, बीज व पशुओं के चारे को भी सुरक्षित रखें।
- तेज हवा व बारिश के दौरान खेतों में काम करने से बचें। बिजली के खंभों, तारों, पेड़ों व कमजोर दीवारों से दूर रहें।
- बिजली चमकने पर खुले मैदान और जलभराव वाले स्थानों पर न रुकें। बिजली के टूटे तारों को न छुएं।
आपात स्थिति से निपटने के लिए विभाग सतर्क
डीएम प्रियंका निरंजन ने संबंधित विभागों को संभावित आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा है। बिजली आपूर्ति, जलनिकासी, सड़क संपर्क, स्वास्थ्य सेवाओं और राहत-बचाव व्यवस्था पर ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस और अग्निशमन विभाग को भी सतर्क रहने को कहा गया है। साथ ही, किसानों और आमजन को मौसम संबंधी चेतावनियों तथा जरूरी सावधानियों के प्रति जागरूक करने पर जोर दिया गया है।
लोहंगपुर में धान की फसल बटोरने में जुटे किसान। - संवाद