गोंडा। कोरोना को फैलने से रोकने के लिए हर तरह से लोग सतर्कता बरत रहे हैं। बचाव को लेकर वैसे तो हर किसी को विशेष एहतियात बरतने की जरूरत है लेकिन बुजुर्गों (60 साल से ऊपर) का कुछ खास ख्याल रखना भी बहुत ही जरूरी है। इस अवस्था में रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने के चलते उनके संक्रमित होने का खतरा अधिक ही होता है। ऐसे में उन्हें घर से बाहर निकलने से परहेज करना चाहिए लेकिन इसका यह मतलब कतई नहीं कि उन्हें कमरे में कैद कर दिया जाए।
वरिष्ठ साहित्यकार एसपी मिश्र कहते हैं कि घर के हर सदस्य का फर्ज बनता है कि इस विषम परिस्थिति के समय वह घर के बुजुर्ग सदस्यों से पूरी तरह प्यार से पेश आयें और उन्हें उस तरह का माहौल प्रदान करें ताकि उनको घर से बाहर निकलने की जरूरत ही न महसूस हो। बुजुर्गों को एकाकीपन न महसूस हो, इसके लिए जरूरी है कि परिवार के अन्य सदस्य साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखते हुए उनको पर्याप्त समय दें।
उनके लिए ऐसे कमरे का चयन करें जो हवादार और खुला हुआ हो। उनके घर की बालकनी व बरामदे में टहलने की कोई पाबंदी न हो। लाल बहादुर शास्त्री महाविद्यालय के हिंदी विभाग के डा. शैलेंद्र नाथ मिश्र बताते हैं कि बुजुर्गों के मनोरंजन के लिए उनको टीवी पर उनके मनपसंद का सीरियल आदि देखने से न रोकें। पूजा-पाठ करते हों तो उन्हें उसको जारी रखने दें। व्यायाम करना भी ऐसे वक्त में जरूरी है। इसके लिए पार्क की जगह बरामदे र बालकनी का इस्तेमाल कर सकते हैं। लेखक डा. श्रीनारायण तिवारी कहते हैं कि ऐसे मौके पर परिवार के हर सदस्य की जिम्मेदारी है कि बुजुर्गों को भरपूर साथ दें और घरों में ही रोके रखें।
बुजुर्गों के लिए हर सीएमओ ने बताए सतर्कता
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मधु गैरोला का कहना है कि ऐसे समय में बुजुर्गों के खानपान पर भी पूरी तरह से ध्यान दिया जाए ताकि उनकी प्रतिरोधक क्षमता बरकरार रहे। उनको ज्यादा से ज्यादा तरल पदार्थ सेवन करने को दिए जाएं, जैसे, गुनगुना पानी, जूस, नीबू रस गुनगुने पानी के साथ, तुलसी-अदरक वाली चाय आदि। उनके भोजन में दूध, दही, पनीर, हरी सब्जियां और दाल की भरपूर मात्रा होनी चाहिए। मौसमी और प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले फेजरूर लें।
नियमित जो उपचार चल रहें हैं, उनकी दवाओं को लेते रहें। कोरोना से बचने का सही तरीका ज्यादा से ज्यादा सावधानी बरतना ही है, ताकि वायरस को पूरी तरह से खत्म किया जा सके। हाथों को बार-बार साबुन-पानी से अच्छी तरह से धोएं, हाथों से मुंह-आंख व नाक को अनावश्यक न छुएं, छूने के बाद हाथों को धोएं, घर के बार-बार इस्तेमाल होने वाले स्थानों की सफाई पर खास ध्यान दें और बाहरी लोगों के संपर्क में आने से बचें।