गौराचौकी/खोड़ारे। इस्लामपुर में शराबी बेटे अर्जुन पासवान ने मंगलवार शाम 500 रुपये के लिए अपनी मां यशोदा की पिटाई की और जब पिता तिलकराम ने उन्हें बचाने की कोशिश की, तो उसने पिता पर भी हमला कर दिया। इसके बाद उसने छोटे भाई पर भी हमला करने की कोशिश की, फिर खुद को चाकू मार लिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
यशोदा ने बताया कि उनका बड़ा बेटा अर्जुन (18) नशे का आदी था। दिनरात नशा करने लगा था। मंगलवार शाम सात बजे वह 500 रुपये मांगने लगा। घर में पैसे न होने की बात कहकर मना किया। इस पर अर्जुन ने उनकी पिटाई कर दी। पति तिलकराम बचाने दौड़े तो अर्जुन ने पटरे से उन पर हमला कर दिया। सिर पर गंभीर चोट आने से वह बेसुध होकर गिर पड़े। यशोदा के मुताबिक बचाने के लिए आए छोटे बेटे अरुण पर भी अर्जुन ने हमला कर दिया। इसके बाद अर्जुन ने सब्जी काटने वाला चाकू उठाकर अपने गले पर मार लिया। यशोदा के मुताबिक अंधेरा होने की वजह से अर्जुन को चाकू लगने की जानकारी नहीं हो सकी। शोरगुल सुनकर आसपास के लोग जुट गए।
यशोदा व अरुण ने बेसुध पड़े तिलकराम को लोगों की मदद से अस्पताल पहुंचाया। वहां से लौटने के बाद देखा कि अर्जुन खून से लथपथ पड़ा है। उसे सीएचसी बभनजोत ले गए। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। थानाध्यक्ष प्रबोध कुमार ने बताया कि प्रथमदृष्टया चाकू लगने से अर्जुन की मौत की पुष्टि हुई है। मौके पर चाकू मिला है। छानबीन की जा रही है।
समय से मिलता इलाज तो बच जाती जान
घटना के बाद अरुण ने पुलिस को सूचना दी। करीब 45 मिनट बाद पुलिस मौके पर पहुंची। सीओ मनकापुर उदित नारायण पालीवाल ने भी देर रात घटनास्थल का जायजा लिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि अर्जुन को समय से इलाज मिलता तो उसकी जान बच सकती थी। वहीं, पुलिस का कहना है कि सूचना के बाद पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच गई थी।
चार बेटों में सबसे बड़ा था अर्जुन
तिलकराम के चार बेटों में अर्जुन सबसे बड़ा था। तिलकराम मजदूरी करके परिवार का भरण-पोषण करते हैं। अर्जुन की मौत से माता-पिता व भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल है।