बुधवार सुबह एकाएक आई तेज आंधी ने जिलें के विभिन्न क्षेत्रों में दर्जनों आशियाने उजाड़ दिए। मनकापुर इलाके में रोड किनारे लगा एक नीम का पेड़ तेज हवा में सवारी जीप पर जा गिरा जिसमें जीप चालक घायल हो गया।
जिसके चलते तकरीबन तीन घंटे तक मनकापुर रोड का आवागमन बाधित रहा। आंधी-पानी में दर्जनों जगहों पर पेड़ टूटकर गिरने से बिजली के खंभे और तारों को काफी नुकसान हुआ है।बुधवार की सुबह साढ़े 8 बजे मौसम के करवट लेने से जहां सूर्यदेवता कुछ देर के लिए अन्र्तध्यान हो गए तो वहीं कुछ ही देर में तेज हवाओं ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया।
गनीमत रही कि हवाओं के रूप में आई आंधी केवल 15 मिनट तक ही रही। जिससे किसी प्रकार की जनहानि जैसा कोई नुकसान जिले में नहीं हुआ। अलबत्ता मनकापुर के पटेल नगर में मनकापुर-उतरौला मार्ग पर एक भारी भरकम नीम का पेंड़ गिर जाने से उसके नीचे जीप, टेम्पो, बाइक बोलेरो व ट्रैक्टर जरूर फंस गया।
जिसमे अंधियारी गांव का रहने वाला जीप चालक जय प्रकाश उफऱ् बब्बन लाला (40) पुत्र कमलापति श्रीवास्तव जीप में दब कर घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने किसी तरह उसे बहार निकाला और सीएचसी में भर्ती कराया।
पेंड़ गिरने से मनकापुर-उतरौला मार्ग तीन घंटे तक बाधित रहा। उधर आंधी पानी से मनकापुर-गोंडा मार्ग पर बंजरिया गांव के पास आम का पेड़ गिरने से एक घंटे तक आवागमन बाधित रहा है।
उधर बुधवार आई आंधी से पूरे जिले की बिजली व्यवस्था एक बार फिर से बेपटरी हो गई है। आंधी से आर्यनगर इलाके में पांच, खरगूपुर में 3 तो इटियाथोक में दो जगहों पर बिजली के खंभे गिरने की सूचना है।
जबकि करनैलगंज इलाके में भी 6 बिजली के खंभे आंधी में धराशाई हुए हैं। वहीं तरबगंज इलाके में पांच अलग-अलग जगहों पर भारी भरकर पेड़ों के बिजली की लाइन पर गिरने से यहां के तीन बिजलीघरों की आपूर्ति अभी तक गुल चल रही है।