गोंडा। पूर्वोत्तर रेलवे के महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों में शुमार गोंडा में चल रही चार बड़ी परियोजनाओं को पूरा करने के लिए सरकार ने 263 करोड़ की अतिरिक्त डोज दी है। इससे परियोजनाओं को समय से पूरा करने में मदद मिलेगी और यात्री सुविधाएं बेहतर होंगी।
इन परियोजनाओं में गोंडा से बुढ़वल के मध्य बन रही तीसरी रेल लाइन का कार्य तेजी से पूरा होगा और ओएच डिपो के साथ बाइपास लाइन का निर्माण हो सकेगा। इतना ही नहीं निर्माणाधीन दो प्लेटफॉर्मों के उच्चीकरण का कार्य भी तेजी से पूरा हो जाएगा।
केंद्रीय बजट में गोंडा रेलवे में चल रही चार परियोजनाओं के लिए 263 करोड़ रुपये के बजट का आवंटन किया गया है। इस बजट के मिल जाने से गोंडा रेलवे यार्ड का बहुत तेजी से विकास होगा। जिससे हजारों लोगों को रोजगार व नौकरी भी मिलेगी, यात्री सुविधाओं में इजाफा होगा।
गोंडा रेलवे स्टेशन का लुक गोरखपुर, लखनऊ व अन्य महानगरों के स्टेशन के तरह हो जाएगा। केंद्र सरकार द्वारा दिये गए बजट में गोंडा से बुढ़वल तीसरी लाइन बिछाने के लिए 250 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। गोंडा रेलवे यार्ड के बाईपास लाइन बनाने के लिए 10 करोड़ रुपया दिया गया है।
रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर 2 और 3 के एप्रेन बदलने के लिए 25 लाख तथा रेलवे यार्ड में बन रहे रुटीन ओवरहालिंग डिपो (आरओएच) के लिए 2 करोड़ 75 लाख का बजट आवंटित किया गया है।
आरओएच डिपो के बन जाने से जनपद में 5000 से लेकर 7000 कर्मचारियों की नियुक्ति होगी तथा हजारों लोगों रोजगार भी मिलेगा। इसी तरह से गोंडा से बुढ़वल के बीच तीसरी लाइन व यार्ड के बाईपास लाइन बनने से ट्रेनों का आवागमन का दबाव बहुत कम हो जाएगा।
इस संबंध में मंडल रेल प्रबंधक डॉ मोनिका अग्निहोत्री ने बताया कि सभी परियोजनाओं को जल्द से जल्दी पूरा करने का लक्ष्य है। उन्होंने बताया कि रेलवे के विकास में किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाएगी।