सूबे में बिजली के चार अलग-अलग निगमों, मध्यांचल, पूर्वांचल, दक्षिणांचल व पश्चिमांचल के अलावा कानपुर में केस्को व आगरा में टोरेंटो पावर लिमिटेड के माध्यम से लोगों को बिजली की आपूर्ति और इसके एवज में लोगों से राजस्व की वसूली की जाती है।
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम अंतर्गत आने वाले देवीपाटन मंडल में अवध के चार जिले गोंडा, बलरामपुर, बहराइच व श्रावस्ती आते हैं, जिनकी राजस्व वसूली पूरे सूबे में इस बार अव्वल रही है।
यहां चार जिलों से सितंबर महीने में राजस्व वसूली के लिए कुल 25.38 करोड़ रुपये का लक्ष्य मंडल के बिजली अभियंताओं को आवंटित किया गया था। जिसके सापेक्ष सितंबर माह में कुल 24.64 रुपये हुई है।
वहीं क्रमिक लक्ष्य की अगर बात करें तो जो 126.88 करोड़ रुपये का लक्ष्य देवीपाटन मंडल को आवंटित हुआ है, उसमें से यहां के बिजली अभियंता अब तक 125.45 करोड़ रुपये की वसूली कर चुके हैं। इसमें से अगस्त महीने का कुल अवशेष 73 लाख रुपये है।
मुख्य अभियंता हर्ष मुंशी का कहना है, कि प्रदेश के चार निगमों, कानपुर की केस्को व आगरा की टोरेंटो पावर लिमिटेड सहित कुल 18 मंडल व एक पावर कंपनी की ओर से जिले में बिजली के बिलों की राजस्व वसूली की जाती है। जिसमें से टोरेंटो पावर कंपनी के साथ ही देवीपाटन मंडल ने वसूली में पहला स्थान सूबे में प्राप्त किया है। इसके लिए जिले भर के अभियंता बधाई के पात्र हैं।