गोंडा। 19 व 20 नवंबर को डाला छठ पर्व है। इसे लेकर लखनऊ व डाउन साइड से आने वाली ट्रेनों में यात्रियों की भीड़ कई गुना बढ़ गई है। जनरल व स्लीपर डिब्बों में तिल रखने की जगह नहीं है। स्थिति यह है कि फेस्टिवल स्पेशल ट्रेन चलाने के बावजूद यात्रियों को राहत नहीं मिल पा रही है। स्पेशल ट्रेनों का संचालन बेपटरी व लेटलतीफी समस्या को बढ़ा रही है।
गोंडा में भी सैकड़ों लोग छठ पर्व मनाते हैं। दिल्ली, मुंबई, लुधियाना, अहमदाबाद, गाजियाबाद व भोपाल सहित अन्य महानगरों से पर्व मनाने यहां लोग आते हैं। काफी संख्या में लोगों को कन्फर्म आरक्षित टिकट भी नहीं मिल पा रहे हैं। मजबूरी में ये लोग वेटिंग व जनरल टिकट लेकर ट्रेन में जुर्माना अदा करके घर लौट रहे हैं। ट्रेनों में सीटों की मारामारी है। लोग शौचालय के पास बैठकर यात्रा करने को मजबूर हैं।
नई दिल्ली, मुंबई, कोचीन व अहमदाबाद की तरफ से आने वाली डाउन साइड की ट्रेनों में जगह ही नहीं है। इसके चलते परिवार के साथ लौट रहे लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। त्योहार स्पेशल ट्रेन का संचालन गड़बड़ाने से परेशानियां और बढ़ गई हैं।