बादलपुर गांव के रहने वाले एक युवक का शव गुरुवार की सुबह खजुरी निधि गांव के तिरमुहद्दी तालाब के समीप गेहूं के खेत में बबूल के पेड़ से गमछे के सहारे फंदे पर लटकता मिला। युवक बुधवार की शाम घर से एक रिश्तेदार के यहां जाने के लिए कहकर निकला था।
वह देर रात तक नहीं लौटा तो परिवारीजनों ने उसकी तलाश की, मगर उसका कहीं पता नहीं चल सका। सुबह शव मिला तो हड़कंप मच गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। युवक की पत्नी ने पति की हत्या की आशंका जताते हुए थाना उमरीबेगमगंज में तहरीर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
तरबगंज थाना क्षेत्र के बादलपुर गांव के रहने वाले अजय कुमार दूबे (30) पुत्र पारसनाथ दूबे की पत्नी सीमा दूबे ने बताया कि उसका पति बुधवार की शाम थाना परसपुर क्षेत्र के अभई पुरवा गांव के मजरा पचई पुरवा में स्थित अपने फूफा राजदत्त तिवारी के घर जाने के लिए कहकर निकला था। मगर वह देर रात तक घर नहीं लौटा। उसकी काफी तलाश की गई, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चल सका।
गुरुवार की सुबह उसका शव थाना उमरीबेगमगंज क्षेत्र के खजुरी निधि गंाव के तिरमुहद्दी तालाब के समीप गेहूं के खेत में बबूल के पेड़ से गमछे के सहारे फंदे पर लटकता मिला। तालाब के पास से गुजर रहे एक युवक ने पेड़ पर शव लटका देखा तो ग्रामीणोें को जानकारी दी, इसके बाद मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई।
अजय की पत्नी सीमा ने पति की हत्या की आशंका जताते हुए थाना उमरीबेगमगंज में तहरीर दी है। वहीं, थानाध्यक्ष उमरी बेगमगंज दुर्गेश कुमार सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले की जांच-पड़ताल की जा रही है।
बादलपुर गांव का रहने वाला अजय दूबे अपने मां-बाप की अकेली औलाद थी। अजय की मौत से उसके बूढ़े पिता पारसनाथ दूबे (80), माता माधुरी (78) के बुढ़ापे का जहां सहारा छिन गया। वहीं, अजय की पत्नी सीमा (28) की मांग का सिंदूर उजड़ गया। अजय के चार साल के बेटे अनुज व छह साल की बेटी आंचल को तो यह भी नहीं पता कि उनके सिर से पिता का साया उठ गया है।