थाना इटियाथोक क्षेत्र के निसारुलपुर गांव की रहने वाली मीरादेवी पत्नी राजेन्द्र प्रसाद ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर रिपोर्ट दर्ज कराने की फरियाद की थी।
जिसमें कहा गया कि इसी गांव के रहने वाले वंशीलाल अपने साले विशुन के साथ 29 मार्च की सुबह उसके घर आ धमके और उसके पति राजेन्द्र प्रसाद के बारे में पूछा। मगर उसका पति घर पर नही था। मीरादेवी के मुताबिक दोनों ने उससे गन्ना छीलने व ट्रॉली में लोड कराने के लिए कहा।
मीरा ने बताया कि जब उसने बकाया पिछली मजदूरी मांगी तो धमकी देते हुए चले गए। मीरा के मुताबिक देर रात 11 बजे वंशीलाल अपने भाई सुरेश उर्फ चोचे, कमलेश, झीनू, साले विशुन व बड़कऊ के साथ लाठी-डंडा व असलह लेकर चढ़ आए। मीरा देवी के मुताबिक वह मड़हे में सो रही थी तभी वंशीलाल ने उसे पकड़ लिया और अभद्रता की।
शोर-शराबा सुनकर उसका पति राजेन्द्र बाहर निकला तो सभी उसे पीटने लगे। गांव के तमात लोगों के आ जाने पर धमकी देते हुए भाग निकले। अदालत ने थानाध्यक्ष इटियाथोक को मामले में रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना के आदेश दिए।
जिसपर थाना इटियाथोक में मीरा देवी की तरफ से वंशीलाल उसके भाई सुरेश उर्फ चोचे, झीनू, कमलेश, बड़कऊ व विशुन के खिलाफ मारपीट, धमकी व एससीएसटी एक्ट के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई है।