फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डीडीसी सदस्य ने सीएचसी अधीक्षक को पीटा

Wed, 05 Oct 2016 11:32 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
- फोटो : amar ujala
विज्ञापन
मरीज का इलाज कराने सीएचसी पचपेड़वा पहुंचे जिला पंचायत सदस्य ने जमकर हंगामा किया। उन्होंने ने सीएचसी अधीक्षक के आवास में घुसकर उनको पीट दिया। अस्पताल के लेबर रूम में स्टाफ नर्स से छेड़खानी व अभद्रता की।
विज्ञापन


अधीक्षक की तहरीर पर आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर डीडीसी सदस्य को गिरफ्तार कर   लिया है। वहीं, पुलिस कार्रवाई को लेकर डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों में आक्रोश है। बुधवार को सभी ने हड़ताल कर   पचपेड़वा थानाध्यक्ष को हटाए जाने की मांग की।

सीएचसी पचपेड़वा अधीक्षक डॉ. मिथलेश कुमार ने बताया कि मंगलवार देर रात शिवानगर क्षेत्र से जिला पंचायत सदस्य महबूब आलम उर्फ डबडब अचानक सीएचसी में घुस आए। उन्होंने आवाज दी।
विज्ञापन


जैसे ही आवास का दरवाजा खोला डबडब साथियों के साथ घर में घुस गए और पिटाई कर दी। इसके बाद डबडब अस्पताल के लेबर रूम में पहुंच गए। लेबर रूम में मौजूद स्टाफ नर्स से उन्होंने छेड़खानी व अभद्रता की।

बाद में बवाल बढ़ता देख डबडब भाग निकला। बताया जा रहा है कि डबडब मरीज के इलाज की पैरवी करने सीएचसी गया था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक उसके साथ कोई मरीज नहीं था।

पुलिस ने अधीक्षक की तहरीर पर डबडब व उसके तीन साथियों सलीम, परवेज व सिब्बू खां निवासी तुलसीपुर के खिलाफ मारपीट तथा छेड़खानी आदि का मुकदमा दर्ज कर लिया है। देर रात पुलिस ने डबडब को गिरफ्तार कर लिया।

थाने के लाकप में भी डबडब ने हंगामा काटा। कंबल फाड़कर खुदकुशी करने का प्रयास किया। एसपी राजीव मल्होत्रा ने बताया कि डबडब के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। साथियों की तलाश की जा रही है।

इस मामले में पचपेड़वा थानाध्यक्ष की कार्यशैली को लेकर स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टरों व कर्मचारियों में आक्रोश है। सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि मौके पर पहुंचे थानाध्यक्ष आरके यादव ने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाए उल्टा डॉक्टरों पर ही बरस पड़े।

एसओ ने कहा कि तुम लोग दारू पीकर हंगामा कर रहे हो। सभी को जेल भेज दूंगा। थानाध्यक्ष के इस गैर जिम्मेदाराना बयान को लेकर डॉक्टरों व स्वास्थ्य कर्मियों में आक्रोश है।

पचपेड़वा थानाध्यक्ष को हटाने की मांग को लेकर बुधवार को सभी सरकारी अस्पतालों में डॉक्टरों व स्वास्थ्य कर्मियों ने हड़ताल की। पचपेड़वा सीएचसी में थानाध्यक्ष के खिलाफ प्रदर्शन किया। घटना के विरोध में दवा दुकानदारों ने भी दुकानें बंद रखी।

हड़ताल के कारण अस्पतालों में इलाज कराने पहुंचे मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ा। आईएमए व नीमा तुलसीपुर के डॉक्टरों ने भी काली पट्टी बांधकर विरोध जताया।

डिप्टी सीएमओ र्डॉ. जयंत कुमार ने बताया कि जनता के हित को देखते हुए हड़ताल   वापस ले ली गई है। गुरुवार को आरोपी के खिलाफ कार्रवाई तथा थानाध्यक्ष पचपेड़वा को हटाने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा जाएगा। यदि कार्रवाई नहीं हुई तो अनिश्चितकालीन हड़ताल की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें