गोंडा। बिना योग्यता के मनमाने तरीके से एमडीसी अल्ट्रासाउंड सेंटर संचालित करने के मामले में स्वास्थ्य विभाग परिवाद दर्ज कराएगा। दरअसल, अल्ट्रासाउंड सेंटर में खामियां मिलने पर दो नवंबर को इसे बंद करा दिया गया था। मगर संचालक ने बिना अनुमति के दोबारा अल्ट्रासाउंड सेंटर शुरू कर दिया।
एक अप्रैल को एसडीएम सदर अशोक कुमार गुप्ता व एसीएमओ डॉ. आदित्य वर्मा की अगुवाई में टीम ने एमडीसी अल्ट्रासाउंड सेंटर पर छापा मारा। इस दौरान अल्ट्रासाउंड जांच सेंटर संचालित पाया गया। इस पर अधिकारियों ने केंद्र को बंद कराते हुए सील कर दिया। इससे पहले 23 मार्च को चौबेपुर निवासी सूरज मिश्र ने सीएमओ को शिकायती पत्र दिया। बताया कि उनकी पत्नी कुमकुम चार महीने की गर्भवती हैं। 13 मार्च को महिला अस्पताल में डॉक्टर को दिखाने गए। डॉक्टर के परामर्श के बाद उन्होंने एमडीसी अल्ट्रासाउंड केंद्र में पत्नी की जांच कराई थी। रिपोर्ट में गर्भस्थ शिशु मृत बताया गया था। दूसरे अल्ट्रासाउंड केंद्र में जांच कराने पर गर्भस्थ शिशु स्वस्थ मिला। सूरज का कहना है कि गलत जांच रिपोर्ट देने वाले अल्ट्रासाउंड सेंटर पर गए तो कर्मियों ने अभद्र व्यवहार किया। सीएमओ डॉ. संतलाल पटेल का कहना है कि अल्ट्रासाउंड जांच केंद्र को सील कर दिया गया है। अब परिवाद दर्ज कराया जाएगा।