गोंडा। जिले में जनगणना अभियान अब रफ्तार पकड़ेगा। स्वगणना प्रक्रिया के बाद शुक्रवार से प्रगणक घर-घर पहुंचकर सर्वे शुरू करेंगे। प्रशासन ने इसके लिए जिलेभर में करीब 10 हजार कार्मिकों की तैनाती की है। इसको लेकर बुधवार को डीएम प्रियंका निरंजन ने अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की।
प्रत्येक छह प्रगणकों पर एक सुपरवाइजर की निगरानी रहेगी, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने बताया कि हर प्रगणक को लगभग 180 से 200 घरों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सभी कर्मियों को आवश्यक प्रशिक्षण देने के साथ-साथ सर्वे किट भी उपलब्ध करा दी गई है।
पहले चरण में केवल मकानों की हाउस लिस्टिंग की जाएगी। इस दौरान घरों में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं से संबंधित 33 बिंदुओं पर जानकारी जुटाई जाएगी। इनमें बिजली, पेयजल, शौचालय, वाहन और अन्य सुविधाएं शामिल हैं। हाउस लिस्टिंग पूरी होने के बाद नागरिकों की वास्तविक गणना का कार्य शुरू किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जिस व्यक्ति का जहां निवास होगा, उसकी गणना वहीं की जाएगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि जनगणना कर्मियों को सही और पूरी जानकारी उपलब्ध कराएं, ताकि आंकड़े सटीक तैयार किए जा सकें।