गोंडा। जिले में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर प्रत्येक बूथ पर राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट्स (बीएलए) तैनात होंगे। इसके लिए बुधवार को जिला निर्वाचन अधिकारी डीएम प्रियंका निरंजन ने कलेक्ट्रेट व विधानसभावार एसडीएम की अगुवाई में राजनीतिक दलों के साथ बैठक की।
सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी मोहम्मद रजी ने बताया कि जिले के सात विधानसभा क्षेत्र में 1,661 मतदान केंद्रों पर कुल 2,726 मतदेय स्थल हैं। करीब 25.52 लाख वोटर पंजीकृत हैं। इन सभी वोटरों का सत्यापन कराया जाएगा। पात्र वोटर लिस्ट से जोड़े जाएंगे। प्रत्येक मतदेय स्थल पर बीएलओ तैनात किए जा चुके हैं।
सक्रिय राजनीतिक दलों भाजपा, सपा, बसपा, कांग्रेस और सीपीआईएम के प्रतिनिधियों के साथ ही जिला निर्वाचन अधिकारी स्तर की बैठक में उन्हें एसआईआर की जानकारी दी गई। डीएम प्रियंका निरंजन ने एसआईआर में सभी सक्रिय दलों से प्रत्येक बूथ पर राजनीतिक दलों को अपने-अपने बूथ लेवल एजेंट्स नियुक्त करने का अनुरोध किया। इस दौरान एडीएम आलोक कुमार, भाजपा से जिला कार्यकारी समिति सदस्य मनीष द्विवेदी, सपा से जिला प्रवक्ता व सचिव जावेद अख्तर, बसपा से देवीपाटन मंडल कार्यालय प्रभारी विश्राम सिंह, कांग्रेस से मीडिया प्रभारी शिव कुमार दूबे और सीपीआईएम से नगर मंत्री अमित शुक्ला आदि मौजूद रहे।
इसलिए तैनात किए गए जाएंगे बीएलए
एडीएम आलोक कुमार ने बताया कि एसआईआर के तहत जिले के प्रत्येक पात्र नागरिक को मतदाता सूची में शामिल किया जाएगा। पंजीकृत मतदाताओं के नाम, पता, आयु व अन्य की खामियां दूर की जाएंगी। अपात्रों को वोटरलिस्ट से बाहर करने की जिम्मेदारी दी गई। निर्वाचन कार्यों में कर्मियों को बीएलए स्तर से मदद मिल सकेगी। सभी दलों की सहभागिता बढ़ाई गई है।
तीन हजार से अधिक कर्मियों को सौंपी गई जिम्मेदारी
अधिकारियों ने बताया कि एसआईआर में तीन हजार से अधिक कर्मियों को लगाया गया। गोंडा तहसील के मेहनौन, गोंडा, कटरा बाजार में 928 बीएलओ और 95 सुपरवाइजर को मिलाकर 1,023 कर्मचारी लगाए गए हैं। इसी तरह से करनैलगंज के कटरा बाजार और करनैलगंज विधानसभा में 690 बीएलओ और 68 सुपरवाइजर को मिलाकर 758 और तरबगंज तहसील के तरबगंज और मनकापुर विधानसभा में 610 बीएलओ और 61 सुपरवाइजर को मिलाकर 671 लगाए गए हैं। इसके साथ ही मनकापुर तहसील के मनकापुर और गौरा विधानसभा में 498 बीएलओ और 50 सुपरवाइजर को मिलाकर कुल 548 बीएलओ व सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। इसके साथ ही 35 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी तैनात किए गए हैं। एसडीएम, एडीएम व डीएम स्तर से एसआईआर की निगरानी की जाएगी।