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Gonda News: आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी को जमानत नहीं

Sun, 26 Jul 2026 11:39 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
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गोंडा। कोतवाली देहात क्षेत्र में महिला को कथित रूप से ब्लैकमेल कर आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोपी को न्यायालय से राहत नहीं मिली। अपर सत्र न्यायाधीश/एफटीसी नवीन विकास ने आरोपी राकेश कुमार वर्मा उर्फ रमेश कुमार वर्मा की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी।
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अभियोजन के अनुसार, आरोपी पर मृतका को लगातार फोन कर परेशान करने, संबंध बनाने का दबाव डालने, बातचीत व वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करके रुपये मांगने का आरोप है। पति की तहरीर के मुताबिक इन घटनाओं से मानसिक रूप से आहत होकर महिला ने 26 जून को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी।
आरोपी की ओर से दाखिल अग्रिम जमानत प्रार्थनापत्र में स्वयं को निर्दोष बताते हुए झूठा फंसाए जाने का दावा किया गया। बचाव पक्ष ने कहा कि न तो कोई वीडियो बनाया गया और न ही मृतका को धमकी दी गई। साथ ही वादी से जमीन को लेकर विवाद होने का भी हवाला दिया गया। वहीं, राज्य पक्ष ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि मामला गंभीर प्रकृति का है। विवेचना के दौरान संकलित साक्ष्य आरोपी की संलिप्तता की ओर संकेत करते हैं और जांच अभी जारी है। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायालय ने अग्रिम जमानत प्रार्थनापत्र निरस्त कर दिया।
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दुष्कर्म के आरोपी को जमानत नहीं
गोंडा। अपर सत्र न्यायाधीश/एफटीसी नवीन की अदालत ने धानेपुर के दुष्कर्म के मामले में आरोपी परमेश्वरी उर्फ पाटेश्वरी की जमानत अर्जी खारिज कर दी। अभियोजन के अनुसार, पांच मई 2026 को आरोपी विवाह का झांसा देकर 22 वर्षीय युवती को अपने साथ ले गया और दुष्कर्म किया। विवेचना के बाद पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल कर दिया। (संवाद)
परिवाद दर्ज करने का आदेश
गोंडा। विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी एक्ट) आलोक शर्मा की अदालत ने अनुसूचित जाति की महिला द्वारा मारपीट, जातिसूचक गालियां देने और जान से मारने की धमकी के आरोपों से जुड़े प्रार्थनापत्र को परिवाद के रूप में दर्ज करने का आदेश दिया है। न्यायालय ने परिवादिनी का बयान दर्ज करने के लिए एक सितंबर 2026 की तिथि नियत की है।
परिवादिनी सोनापती ने न्यायालय में प्रार्थनापत्र देकर आरोप लगाया कि 25 अप्रैल 2026 की रात 10 बजे वह अपने घर के पास शेड लगाने के लिए रखे बांस, खंभे और टिन की चादरों की देखरेख कर रही थी। इसी दौरान विपक्षी लवकुश सहित अन्य लोग जबरन सामान उठाकर ले जाने लगे। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई, जान से मारने की धमकी दी गई और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग कर अपमानित किया गया। (संवाद)
नियमित जमानत की अर्जी खारिज
गोंडा। खोड़ारे थाना क्षेत्र के मारपीट और दहेज प्रतिषेध अधिनियम से जुड़े मामले में अंतरिम जमानत पर रिहा अभियुक्त घनश्याम की नियमित जमानत अर्जी न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम की अदालत ने खारिज कर दी। अदालत ने माना कि अभियुक्त नियत तिथि पर आत्मसमर्पण के लिए उपस्थित नहीं हुआ, जिससे उसने अंतरिम जमानत का दुरुपयोग किया। प्रकरण दहेज प्रतिषेध अधिनियम व धाराओं से जुड़ा है। (संवाद)
दहेज हत्या मामले में पति जमानत नहीं
गोंडा। दहेज हत्या के मामले में नामजद पति को अदालत से राहत नहीं मिली। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट आलोक शर्मा की अदालत ने आरोपी राजन शुक्ल की नियमित जमानत अर्जी खारिज कर दी।
अभियोजन के अनुसार आरोप है कि विवाह के बाद पति राजन शुक्ल, सास, ससुर और देवर मृतका ज्योति से अतिरिक्त दहेज में चार पहिया वाहन और दो तोला सोने की चेन की मांग करते थे। मांग पूरी न होने पर उसे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। चार मई 2026 को विवाह के सात वर्ष के भीतर ज्योति की ससुराल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। मामले में कोतवाली देहात में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। बचाव पक्ष ने अदालत में दलील दी कि आरोपी निर्दोष है, मृतका मानसिक तनाव में थी और उसने स्वयं आत्महत्या की। न्यायालय ने केस डायरी, गवाहों के बयान और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का अवलोकन करने के बाद राजन शुक्ला की जमानत अर्जी निरस्त कर दी। (संवाद)
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