करनैलगंज (गोंडा)। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत एक एएनएम पर मासूम बच्चे को गलत ढंग से इंजेक्शन लगाने का आरोप लगा है। शिकायत में कहा गया है कि गलत इंजेक्शन लगने से बच्चे के पैर में सड़न पैदा हो गई और उसका ऑपरेशन कराना पड़ा। इसके बाद बच्चे की जिंदगी बचाई जा सकी। इस मामले में बच्चे की मां ने कार्रवाई की मांग की है। अधीक्षक का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।
ग्राम कैथोली कोड़री निवासिनी अंजना सिंह पत्नी अभय सिंह ने कोतवाली में तहरीर दी है। कहा कि 25 दिसंबर 2024 को उनके पुत्र आरुष प्रताप सिंह (2 माह) का टीकाकरण एक एएनएम ने सीएचसी करनैलगंज में किया था। गलत ढंग से इंजेक्शन लगाने की वजह से बच्चा बीमार पड़ गया और टीका लगने के स्थान पर सड़न पैदा हो गई।
पीड़िता बच्चे को एक नर्सिंग होम ले गई, वहां पर एक सप्ताह तक भर्ती रही। करीब 50 हजार रुपये खर्च करके बच्चे के पैर का ऑपरेशन कराया, तब जाकर बच्चे की जान बची। पीड़िता ने रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की है। उधर, सीएचसी अधीक्षक डॉ.अनुज का कहना है कि जिस एएनएम पर आरोप लगाया गया है, वह सबसे पुरानी कर्मचारी हैं। अनुभवी हैं, उसपर लगा आरोप गलत है। मामले की जांच की जा रही है।
कोतवाल करनैलगंज श्रीधर पाठक का कहना है कि तहरीर मिली है। कस्बा चौकी प्रभारी को जांच सौंपी गई है।