गोंडा। आंधी और बारिश से देवीपाटन मंडल में चरमराई बिजली व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए सोमवार को मध्यांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक संदीप भागिया ने प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। उन्होंने गोंडा, बहराइच, बलरामपुर और श्रावस्ती में बिजली आपूर्ति बहाली के कार्यों की समीक्षा की। देर शाम तक मंडल के 33 विद्युत उपकेंद्रों के 168 फीडरों की आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी थी। इससे शहर से लेकर गांव तक लोग बिजली संकट से जूझते रहे।
देवीपाटन जोन के मुख्य अभियंता यदुनाथ यथार्थ के अनुसार, चारों जिलों में आंधी-तूफान से बिजली के 10,730 खंभे और 270 ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हुए हैं। 114 विद्युत उपकेंद्रों की आपूर्ति प्रभावित हुई थी, जिनमें से 81 को चालू कराया जा चुका है। 514 फीडरों में से 346 से बिजली आपूर्ति शुरू हो गई है। शेष फीडरों को चालू कराने के लिए विभागीय, संविदा और बाहरी एजेंसियों की टीमें लगातार काम कर रही हैं। ऊंचे पोल, ट्रांसफार्मर और जटिल तारों की मरम्मत के लिए प्रशासन और नगर पालिका के सहयोग से स्काई लिफ्टर मशीनों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है।
सड़क पर पड़े खंभों व तारों से हादसे का खतरा
बिजली बहाली के दावों के बीच कई इलाकों में टूटे खंभे और जमीन पर पड़े हाईटेंशन तार परेशानी का सबब बने हुए हैं। गोंडा-लखनऊ मार्ग पर जिला जज आवास के पास पेड़ गिरने से हाईटेंशन लाइन के तार टूट गए। सोमवार को भी तार पेड़ की डालियों में उलझे पड़े थे।
पोर्टरगंज निवासी राजन तिवारी ने बताया कि आंधी-बारिश के बाद बिजली आपूर्ति बहाल होना तो दूर, टूटे तारों को हटाने के लिए भी कर्मचारी नहीं पहुंचे हैं। तार चोरी होने की आशंका भी बनी हुई है। बिजली नहीं होने के कारण किराये का जनरेटर लेकर मोबाइल चार्ज और पानी का इंतजाम करना पड़ रहा है।
करनैलगंज-हूजूरपुर मार्ग पर दत्तनगर के पास बिजली के खंभे टूटकर सड़क पर पड़े हैं। दत्तनगर निवासी वीरेंद्र मिश्र ने बताया कि जगह-जगह खंभे टूटे पड़े हैं लेकिन विभागीय अधिकारी मौके पर नहीं पहुंच रहे। सड़क पर पड़े खंभों से रात में हादसे का खतरा बना हुआ है।
सड़क से हटाए जा रहे हैं टूटे खंभे
अधीक्षण अभियंता सुशील कुमार यादव ने बताया कि प्राथमिकता के आधार पर सभी अधिशासी अभियंताओं को सड़क पर गिरे खंभों को हटाने के निर्देश दिए गए हैं। जिले में अब तक करीब 1,200 से अधिक खंभे और ट्रांसफार्मर टूटने की सूचना है। विभागीय और संविदाकर्मियों के अलावा बाहरी एजेंसियों को भी बहाली कार्य में लगाया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में भी टीमें लगातार काम कर रही हैं।
हाउसिंग कॉलोनी की आपूर्ति बहाल करने में जुटा विभाग
अधिशासी अभियंता राम मोहन पांडेय ने बताया कि झंझरी, आवास विकास, पूरे शिवाबख्तावर और बड़गांव समेत कई उपकेंद्रों की आपूर्ति बहाल करा दी गई है। हाउसिंग कॉलोनी की बिजली आपूर्ति बहाल करने का प्रयास चल रहा है। जेल रोड के ग्रामीण फीडर को आंशिक रूप से चालू कराया गया है। उतरौला रोड के ग्रामीण क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कराने के लिए टीमें लगाई गई हैं।
खराब माैसम में टूटे बिजली के पोल और लाइन का निरीक्षण करते पावर काॅर्पोरेशन के एमडी संदीप भागिया
खराब माैसम में टूटे बिजली के पोल और लाइन का निरीक्षण करते पावर काॅर्पोरेशन के एमडी संदीप भागिया
खराब माैसम में टूटे बिजली के पोल और लाइन का निरीक्षण करते पावर काॅर्पोरेशन के एमडी संदीप भागिया
खराब माैसम में टूटे बिजली के पोल और लाइन का निरीक्षण करते पावर काॅर्पोरेशन के एमडी संदीप भागिया