मुख्यालय से 60 तो बलरामपुर से 20 किलोमीटर दूर स्थित तुलसीपुर तहसील को निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए पावर कॉर्पोरेशन शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर के पास 132 केवी क्षमता का बिजलीघर बनाने जा रहा है। इस बिजलीघर के निर्माण पर तकरीबन 30 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है।
इस बिजलीघर के बनने से न सिर्फ शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर को विद्युत आपूर्ति मिलेगी, बल्कि पूरे तुलसीपुर तहसील की आपूर्ति व्यवस्था भी सुधर जाएगी। इलाकाई लोगों को बार-बार होने वाली ट्रिपिंग सहित अन्य समस्याओं से छुटकारा भी मिल जाएगा।
गौरतलब है कि बलरामपुर जिले में 23 लाख आबादी को विद्युत आपूर्ति के लिए मौजूदा समय में पावर कॉर्पोरेशन दो बिजलीघर बलरामपुर व उतरौला में हैं। जिनसे 33 केवी क्षमता के 15 बिजलीघरों को बिजली आपूर्ति की जाती है। जहां से उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति होती है।
बलरामपुर की तुलसीपुर तहसील को मौजूदा समय में 20 किलोमीटर दूर स्थित 132 केवी के बलरामपुर बिजलीघर से 33 केवी लाइन के मार्फत बिजली दी जाती है। 33 केवी लाइन में आए दिन खराबी से पूरे तुलसीपुर तहसील क्षेत्र की बिजली बाधित रहती है।
जिससे न सिर्फ क्षेत्र के लोगों को खामियाजा भुगतना पड़ता है, बल्कि शक्तिपीठ देवीपाटन धाम जाने वाले श्रद्धालुओं को भी दिक्कतें होती हैं। इन सभी दिक्कतों को दूर करने के लिए पावर कॉर्पोरेशन का ट्रांसमिशन डिवीजन इस इलाके में शक्तिपीठ देवीपाटन धाम मंदिर के पास 132 केवी क्षमता का बिजलीघर बनाने जा रहा है।
जिससे इलाकाई लोगों को आने वाले समय में बिजली की दिक्कतों से छुटकारा दिलाया जा सके। जैसे ही ये बिजलीघर बनकर तैयार होगा, इस इलाके के लोगों को बार-बार होने वाली बिजली की ट्रिपिंग सहित बिजली की अन्य समस्याओं से निजात मिल जाएगी।
बलरामपुर के तुलसीपुर में पावर कॉर्पोरेशन का ट्रांसमिशन डिवीजन 132 केवी क्षमता का बिजलीघर बनाएगा। जहां से इलाकाई लोगों को 20-20 एमवीए (मिलियन वोल्ट एंपियर) क्षमता के दो पावर ट्रांसफार्मरों से विद्युत आपूर्ति होगी। बिजलीघर बनने के बाद इसका लाभ न सिर्फ तुलसीपुर तहसील के लोगों को मिलेगा, बल्कि शक्तिपीठ देवीपाटन मंदिर आने वाले श्रद्धालु भी इससे लाभान्वित होंगे। - रविप्रकाश दुबे, अधीक्षण अभियंता पारेषण मंडल गोंडा