गोंडा। गैर इरादतन हत्या के दोषी को शुक्रवार को न्यायालय ने 10 वर्ष के कारावास और 55 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
देहात कोतवाली क्षेत्र के ग्राम चंदवतपुर निवासी पप्पू तिवारी उर्फ जमुना ने मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें बताया था कि 11 जनवरी 2020 की शाम उनका भतीजा शिवानंद उर्फ नानबाबू कोटिया गांव स्थित दुकान के सामने सड़क पर खड़ा था। तभी कौड़िया के ग्राम झौहना पकड़ियाजोत निवासी उमेश चंद्र तिवारी व दो अज्ञात व्यक्ति आकर उसे लाठी-डंडे से पीटने लगे। जिसमे उसे गंभीर चोटें आईं। ट्राॅमा सेंटर लखनऊ में इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।
विवेचना में साक्ष्य के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। ट्रायल के दौरान अपराध साबित होने पर कोर्ट ने उमेश चंद्र तिवारी को दोष सिद्ध किया। शुक्रवार को मामले में निर्णय सुनाते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय राजेश कुमार ने उमेश चंद्र तिवारी को दंडित किया।