प्रदर्शन करते पीयू के प्रोफेसर
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तमाम दिशा-निर्देशों के बावजूद परिषदीय विद्यालयों की शिक्षा व्यवस्था पटरी पर नहीं आ रही है। शैक्षणिक स्तर व बच्चों की उपस्थिति में सुधार की बात तो दूर यहां तैनात शिक्षक ही विद्यालय नहीं पहुंच रहे हैं। गुरुवार को बीएसए ने पंडरीकृपाल ब्लॉक के सात परिषदीय विद्यालयों का निरीक्षण किया, जिसमें 10 शिक्षिकाएं बिना किसी पूर्व सूचना के विद्यालय से अनुपस्थित पाई गईं। बीएसए ने सभी शिक्षिकाओं का वेतन रोकते हुए बीईओ के माध्यम से स्पष्टीकरण तलब किया है।
बीएसए ने गुरुवार को पंडरीकृपाल ब्लॉक के सात परिषदीय स्कूलों का निरीक्षण कि या। वे सबसे पहले प्राथमिक विद्यालय सुभागपुर पहुंचे। यहां विद्यालय में तैनात शिक्षिका किरन श्रीवास्तव व निशि श्रीवास्तव अनुपस्थित मिलीं। स्कूल में बच्चों की उपस्थिति भी काफी कम मिली।
उच्च प्राथमिक विद्यालय सुभागपुर में तैनात सहायक अध्यापिका प्रतिज्ञा मिश्र व अनुदेशक सीमा गुप्ता अनुपस्थित मिलीं। प्राथमिक विद्यालय चोरसिहा में सहायक अध्यापिका अंजनी यादव व शिक्षामित्र मीरा देवी गैर हाजिर मिलीं। यहां पिछले कई माह से मिड-डे-मील भी ठप मिला। वहीं, उच्च प्राथमिक विद्यालय रमवापुर श्याम में तैनात सहायक अध्यापिका सुनीता बिना किसी पूर्व सूचना के विद्यालय से गैरहाजिर रहीं तो यहां की प्रधानाध्यापिका किरण सिंह स्कूल छोड़कर ब्लॅाक संसाधन केंद्र पर ऑडिट कराने के लिए चली र्गइं।
थमिक विद्यालय रमवापुर श्याम में तैनात शिक्षिका रुचि सिंह अनुपस्थित मिलीं। प्राथमिक विद्यालय सिसिऊर अंदूपुर की शिक्षिका विद्यालय तो आईं, मगर कुछ देर बाद विद्यालय से चली गईं। निरीक्षण में वह भी गैरहाजिर रहीं। उच्च प्राथमिक विद्यालय सिसिऊर अंदूपुर की शिक्षिका भी समय से पहले ही स्कूल से चली गईं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवेंद्र प्रताप सिंह ने इस पर नाराजगी जताते हुए अनुपस्थित मिलीं सभी शिक्षिकाओं का जुलाई का वेतन रोकते हुए बीईओ के माध्यम से स्पष्टीकरण तलब किया है।