वर्ष 2009 में करंडा के सबुआ निवासी कपिलदेव सिंह हत्याकांड और मुहम्मदाबाद के मीर हसन की हत्या के प्रयास की साजिश के मामले को गैंगचार्ट में शामिल करते हुए मुहम्मदाबाद पुलिस ने मुख्तार अंसारी के खिलाफ गैंगस्टर का मुकदमा दर्ज किया था। दोनों मामलों में पहले मुख्तार अंसारी बरी हो चुका है। वर्ष 2021 से गाजीपुर एमपी-एमएलए कोर्ट में गैंगस्टर मामले में सुनवाई चल रही है। इसमें भी गत 20 मई को ही फैसला आने वाला था।
उस दिन सुनवाई के दौरान मुख्तार के अधिवक्ता ने मीर हसन की हत्या के प्रयास के मामले में मुख्तार के बरी होने की पत्रावली कोर्ट के समक्ष रखी। इसके बाद 15 जुलाई को सुनवाई के दौरान मुख्तार अंसारी के अधिवक्ता ने पुन: बहस के लिए दलील पेश की। बीच में तारीखें पड़ती रहीं। बहस जारी रही। पिछली सुनवाई में मुख्तार की ओर से बहस पूरी हो गई, जिस पर फैसले के लिए 22 अगस्त की तिथि तय की गई।