गाजीपुर। शहर के गोराबाजार स्थित मेडिकल कॉलेज अस्पताल में बृहस्पतिवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई। जब पिता के ऑपरेशन के लिए पहुंची दो युवतियां डॉक्टर पर गंभीर आरोप लगाते हुए छत से कूदकर आत्महत्या का कोशिश करने लगी। हालांकि मौके पर तैनात अस्पताल के गार्डों ने उनपर काबू पाते हुए ऐसे करने से रोका। पिता सोहन लाल चौधरी को सीनियर प्रोस्टेटोमेगाली की समस्या थी।
पिता के इलाज के लिए पहुंची युवतियों ने आरोप लगाया कि, इसके ऑपरेशन के लिए पिता को मेडिकल कॉलेज के यूरोलॉजी विभाग के ओपीडी में दिखाया गया था, जिसके बाद चिकित्सक 25 मार्च को ऑपरेशन की तारीख दी थी।
ऑपरेशन के लिए लिखी दवाओं को बाहर की दुकान से खरीदकर लाना पड़ा। साथ ही पिता के दवाइयों को डॉक्टर द्वारा दूसरे मरीज के ऑपरेशन में प्रयोग कर दिया गया। इसके बारे में पूछने पर डॉक्टर ने उनके पिता के ऑपरेशन के लिए मनाकर दिया। इससे आहत होकर हम दोनों अत्महत्या का प्रयास कर रही थी।
ऑपरेशन फाॅर्म पर नहीं किए हस्ताक्षर
मेडिकल कॉलेज अस्पताल के प्रिंसिपल डॉ. नीरज पांडेय ने बताया कि, सोहन लाल चौधरी नाम के एक मरीज का का 25 मार्च को यूरोलॉजी से संबंधित एक ऑपरेशन होना था पर, ऑपरेशन थियेटर में जाते ही उनकी रक्तचाप काफी कम हो गया। जिसपर हाई रिस्क को देखते हुुए मरीज के परिजनों को एक फॉर्म पर हस्ताक्षर करने को कहा गया, फॉर्म पर हस्तक्षर नहीं होने से डॉक्टर ने उस मरीज का ऑपरेशन करने से मना कर दिया। अगले दिन बृहस्पतिवार को फिर से अस्पताल पहुंचकर मरीज की पुत्रियों ने आत्महत्या का प्रयास किया। मरीज सोहन लाल चौधरी के ऑपरेशन का 27 मार्च को तिथि निर्धारित कर उनका ऑपरेशन कर दिया जाएगा।