शहर कोतवाली के आसमानी चक गांव में शनिवार की रात पूजा पांडाल पर धावा बोलकर कुछ लोगों ने सुनील नामक एक युवक को पीट कर अधमरा कर दिया। गंभीर हाल में उसे जिला अस्पताल लाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। शनिवार को सरस्वती की प्रतिमा लाते समय कुछ लोगों से सुनील का विवाद हुआ था और हमलावरों ने उसका बदला लेने के लिए उसे निशाना बनाया था। इस संबंध में चार लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई गई है और पुलिस ने चारों को गिरफ्तार कर लिया है।
आसमानी चक गांव के हरि यादव के घर के सामने सरस्वती पूजन पंडाल स्थापित किया गया है। दिन में पूजन के चलते पंडाल में लोगों की भीड़ थी। रात की आरती के बाद श्रद्धालु घर चले गए। रखवाली करने के लिए कुछ युवक और बच्चे वहां रात में रुक गए थे। रात बारह बजे के करीब मैजिक पर सवार 12 युवक लाठी-डंडों से लैस होकर पहुंचे और रखवाली कर रहे बच्चों और युवकों को पीटना शुरू कर दिया। बच्चे चिल्लाते हुए भागने लगे। हमलावरों ने सुनील (18) को पंडाल में ही घर लिया और उसको बुरी तरह पीटना शुरू कर दिया। उसे मारकर अधमरा कर दिया। बच्चों का शोर सुनकर गांव वाले पंडाल की ओर दौड़े तो हमलावर भाग निकले। गांव वाले घायल सुनील को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे लेकिन उसे बचाया न जा सका। थोड़ी देर के उपचार के बाद ही उसकी मौत हो गई।
सुनील जंगीपुर थाने के फदनपुर के निवासी जोगेंद्र यादव का पुत्र था। वह अपने नाना विंध्याचल यादव के घर आसमानी चक में रहकर पढ़ाई करता था। ग्रामीणों ने बताया कि शुक्रवार की शाम बच्चे ट्रैक्टर से सरस्वती प्रतिमा लेकर जलनिगम की तरफ से आ रहे थे। रस्ते में एक बाइक सवार पर ट्रैक्टर के पहिए से कीचड़ के छींटे पड़ गए। इस बात पर बाइक सवार ने आपत्ति जताई। उसके बाद दोनों पक्षों में नोकझोंक शुरू हो गई और नौबत मारपीट तक पहुंच गई थी। मारपीट का बदला लेने के लिए युवकों ने पंडाल पर धावा बोला था। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने मौका मुआयना किया। इस मामले में मृतक के नाना विंध्याचल यादव ने सुधीर पाल, शुभम यादव, मोनू और अनूप श्रीवास्तव के खिलाफ नामजद तथा दर्जन भर अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। प्रभारी निरीक्षक शहर कोतवाली केके मिश्र ने बताया कि इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है जबकि अन्य की तलाश की जा रही है।