गहमर गांव के पूरब पोखरे में छानबीन करती एनडीआरएफ व एसडीआरएफ की टीम। संवाद
गहमर/सेवराई। गहमर के खेलूराय पट्टी में हुए सनसनीखेज दोहरे हत्याकांड के बाद सन्नाटा पसरा हुआ है। पांच दिन बाद भी अंकित सिंह का पता नहीं चल सका है। तालाब में लगातार तलाश करने पर भी सफलता नहीं मिली।
इससे परिजनों में आक्रोश बढ़ रहा है। पुलिस ने अब पोखरे का पानी निकालने का फैसला किया है। इसके लिए बिहार के चौसा स्थित एनटीपीसी के प्लांट से पानी निकालने के लिए मशीन मंगाई गई है।
एसडीएम सेवराई संजय यादव और सीओ जमानिया अनिल कुमार की निगरानी में एनडीआरएफ की दो और एसडीआरएफ की एक टीम रविवार को पट्टी खेलूराय स्थित पोखरे में तलाश करती रही, लेकिन अंकित का कोई सुराग नहीं मिला। पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा ने बताया कि हर एंगल से छानबीन की जा रही है शक की कोई गुजाइश न रहे। एसपी ने बताया कि लापता युवक अंकित सिंह की तलाश के लिए अब पोखरे का पानी निकाला जाएगा। बिहार के चौसा स्थित एनटीपीसी के प्लांट से पानी निकालने के लिए मशीन मंगाई गई है। मशीन आते ही यह काम शुरू करा दिया जाएगा। एनडीआरएफ की विशेषज्ञ टीम भी लगाई गई है।
खेलूराय पट्टी और खेमनराय पट्टी, बाबूराय और भीवराय पट्टी के युवकों के बीच आपसी रंजिश चली आ रही थी। कई बार मारपीट और मुकदमे भी दर्ज हुए थी, लेकिन सख्त कार्रवाई न होने से विवाद ने खूनी रूप ले लिया। बुधवार रात दो युवकों की नृशंस हत्या के बाद पूरे इलाके में खामोशी पसरी है। मृतकों के घरों से उठती सिसकियां माहौल को और बोझिल बना रही हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गांव में पीएसी तैनात है। चप्पे-चप्पे पर पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। ग्रामीणों में चर्चा है कि एक आरोपी की गिरफ्तारी के बावजूद पुलिस को कोई ठोस सुराग नहीं मिल सका, जबकि नामजद 12 आरोपियों में से अधिकांश अब भी फरार हैं।