गाजीपुर। उसरी चट्टी कांड में मारे गए मनोज राय हत्याकांड के मामले में पीड़ित पक्ष शैलेंद्र राय को सम्मन तामिल नहीं कराने पर एमपी/एमएलए कोर्ट के जज शक्ति सिंह ने नाराजगी जाहिर की। कोर्ट ने थाने से इंस्पेक्टर से स्पष्टीकरण मांगा और मामले की अगली सुनवाई के लिए 12 मार्च की तिथि तय कर दी। इस दौरान हत्याकांड का आरोपी माफिया मुख्तार अंसारी का साढ़ू गौस मोहिउद्दीन उर्फ तन्नू अंसारी पेश हुआ।
2023 में बिहार के बक्सर के रहने वाले शैलेंद्र कुमार राय ने कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। बताया था कि वर्ष 2001 में मनोज राय की हत्या मुख्तार अंसारी, गौस मोहिउद्दीन उर्फ तन्नू समेत अन्य ने मिलकर की थी। मनोज राय मुख्तार अंसारी के साथ ठेकेदारी का काम करता था। इसी मामले में तन्नू अंसारी को एमपी/एमएलए कोर्ट में पेश किया गया।
मुकदमे के वादी पिता शैलेंद्र राय को भी कोर्ट में उपस्थित होना था, लेकिन मुहम्दाबाद कोतवाली ने सम्मन तामील नहीं कराया। इस पर कोर्ट ने नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित थाने से स्पष्टीकरण मांगा है। एडीजीसी क्रिमिनल नीरज श्रीवास्तव ने बताया कि कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 12 मार्च निर्धारित की है। साथ ही वादी मुकदमा को दोबारा सम्मन जारी कर अगली तारीख पर कोर्ट में पेश कराने के निर्देश दिए हैं। संवाद