ताड़ीघाट-बारा हाई-वे से होकर सुहवल से हरिशचंद्रपुर होते हुए बवाड़ा युवराजपुर मार्ग की मौजूद दशा?
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सुहवल। शासन एक तरफ जहां जर्जर सड़कों की दशा सुधारने और गड्ढामुक्त करने को लेकर प्रतिबद्ध है। वहीं लोक निर्माण विभाग की उदासीनता से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। क्षेत्र की नौ सड़कों की मरम्मत और पुर्न निर्माण को लेकर शासन की ओर से करीब 40 लाख रुपये अवमुक्त कर दिए। यही नहीं विभाग द्वारा पांच मई को टेंडर की प्रक्रिया पूरी कर ली गई, लेकिन चार माह बाद भी कार्य शुरु नहीं हो सका।
इससे आक्रोशित छात्र नेता आशुतोष मिश्रा एवं रोहित सिंह ने लोक निर्माण खंड प्रथम के अधिशासी अभियंता को एक लिखित पत्र सौंपा। मांग किया कि मरम्मत के लिए स्वीकृत हो चुकी सड़कों का जल्द पुर्न निर्माण कराया जाए। ऐसा नहीं होने पर वह ग्रामीणों संग धरना प्रदर्शन को बाध्य होंगे। इस मौके पर छात्र नेता आशुतोष मिश्रा ने कहा कि विभाग की इस संवेदनहीनता के कारण सड़कें खुद अपने दुर्दशा पर आंसू बहा रही है। इन सड़कों पर वाहनों से चलना तो दूर की बात पैदल चलना भी खतरे से खाली नहीं है। पकड़ी संपर्क मार्ग से गोपालपुर, डेढ़गांवा, उधरनपुर से बड़ौरा, सुहवल गौरा पटकनिया, टीबी रोड से पकड़ी कल्यानपुर, टीबी रोड से सुहवल युवराजपुर मार्ग, तिलवां नरायनापुर, एनएच 24 से मनझरिया मार्ग, दिलदारनगर मुख्य मार्ग से एनएच 24 एवं मेदिनीपुर युवराजपुर रामपुर रेवतीपुर मार्ग की मरम्मत करीब एक माह में पूरी करनी थी, लेकिन विभाग की उदासीनता के चलते अभी तक मरम्मत नहीं शुरू हो सकी है।