कक्षा नौ की परीक्षा ओएमआर शीट पर पहली बार आयोजित करवाकर यूपी बोर्ड ने इस बात के संकेत पहले ही दे दिए हैं कि सीबीएसई के बाद अब वह भी आगामी सत्रों में आयोजित होने वाली बोर्ड परीक्षाओं के प्रारूप में बदलाव कर सकता है। विभागीय सूत्रों की माने तो नए सत्र से आयोजित होने वाली बोर्ड की परीक्षाएं भी सेमेस्टर के आधार पर होंगी।
नई शिक्षा नीति के तहत सीबीएसई के बाद अब यूपी बोर्ड ने भी परीक्षाओं का प्रारूप बदलने की तैयारी शुरू कर दी है। अब हर विषय के पाठ्यक्रम को टर्म एक और दो में विभाजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य होगा कि भविष्य में यदि विषम परिस्थितियों के चलते बोर्ड की परीक्षाओं को स्थगित ही करना पड़ जाए तो पहले टर्म की परीक्षा के प्राप्तांक के आधार पर छात्रों को प्रोन्नत किया जा सके। हालांकि यूपी बोर्ड की इस वर्ष दसवीं औरबारहवीं की परीक्षाएं फिलहाल बीते वर्षों की भांति आयोजित होगी। जबकि सीबीएसई बोर्ड ने कक्षा दसवीं और बारहवीं दोनों कक्षाओं के पाठ्यक्रमों को दो भागों में विभाजित करने के अलावा अपनी परीक्षाओं का पैटर्न भी इसी वर्ष से बदल दिया है। विभागीय सूत्रों के अनुसार नए पैटर्न पर हाईस्कूल बोर्ड की परीक्षाएं 2023 से और इंटरमीडिएट की 2025 से शुरू होगी।