क्षेत्राधिकारी ओजस्वी चावला ने बताया कि मुख्तार की पत्नी और सालों पर गैगस्टर एक्ट के तहत एनबीडब्ल्यू जारी किया गया था। उक्त जमीन पर कुर्की की कार्रवाई करते हुए न्यायायलय के अधीन कर दिया गया है। इसके साथ ही मौके पर डीएम कोर्ट का नोटिस चस्पा कर इसकी जानकारी आस-पास के लोगों को लाउडस्पीकर से दी गई। कार्रवाई के बाबत संबधितों के घर भी नोटिस भेजा गया, साथ ही अग्रिम कार्रवाई के लिए भी प्रशासन ने तैयारी पूरी कर ली है।
देखा जाए तो मऊ विधायक मुख्तार की पत्नी आफशां और सालों पर बीते दिनों शहर कोतवाली में धोखाधड़ी, जमीन पर कब्जा करने का मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले में पुलिस ने गैगस्टर की कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पत्रावली प्रस्तुत की थी। गैंगस्टर कोर्ट ने तीनों के खिलाफ एनबीडब्लयू जारी किया था।
पुलिस की निर्धारित अवधि 15 दिन तक कोर्ट में प्रस्तुत नहीं होने पर पत्नी आफशां और दोनों सालों के खिलाफ 25-25 हजार का इनाम घोषित कर दिया गया। तब से लगातार इनकी तलाश जारी है और प्रशासन इसी क्रम में तीनों के नाम काबिज संपत्तियों को कुर्क करने तथा ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस अधीक्षक डॉ. ओपी सिंह ने बताया कि अपराधिक गैंग आईएस-191 के लीडर मुख्तार अंसारी की पत्नी और दो सालों के विरुद्ध गैंगेस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज होने के बाद एनबीडब्ल्यू वारंट जारी किया गया था। इस बीच न्यायालय द्वारा निर्धारित तिथि पर न पहुंचने के बाद तीनों के खिलाफ इनाम घोषित किया गया। अब इसकी 28.58 करोड़ रुपये की अनाधिकृत संपत्ति को कुर्क करने की कार्रवाई की गई है।