मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान में लापरवाही बरतने वाले 143 बीएलओं को वेतन जिला निर्वाचन अधिकारी ने रोक दिया है। आरोप है कि आठ और नौ अक्तूबर को यह बीएलओ अभियान के दौरान गैरहाजिर थे। उधर, प्रशासन की इस कार्रवाई से अन्य बीएलओं में हड़कंप मचा है। निर्वाचन आयोग की ओर से विधानसभा निर्वाचक नामावलियों का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। अभियान के तहत आयोग की तरफ से 8 एवं 9 अक्तूबर तथा 22 एवं 23 अक्तूबर विशेष तिथियां नियत की गई हैं। 8 और 9 अक्तूबर को आयोजित विशेष अभियान पर बीएलओ की उपस्थिति की जांच के लिए नियुक्त जोनल एवं सेक्टर मजिस्ट्रेटों की ओर से बूथों पर जांच की गई। इस दौरान जिले के सभी सात विधानसभा क्षेत्रों में 143 बूथ लेवल आफीसर (बीएलओ) अपने-अपने संबंधित बूथों से गैरहाजिर मिले। सबसे ज्यादा अनुपस्थित बीएलओ जहूराबाद विधानसभा क्षेत्र में पाए गए जबकि सैदपुर विस में इनकी संख्या सबसे कम रही।
मिली जानकारी के अनुसार गाजीपुर में 12, जंगीपुर में 9, जहूराबाद में 35, मुहम्मदाबाद में 30, जमानिया में 32, जखनिया में 24 एवं सैदपुर विस क्षेत्र में 1 बीएलओ अनुपस्थित पाया गया। जोनल एवं सेक्टर आफीसरों की तरफ से दी गई रिपोर्ट के आधार पर अपने-अपने बूथों पर बीएलओ के अनुपस्थित पाए जाने को जिलाधिकारी-जिला निर्वाचन अधिकारी ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने अनुपस्थित बीएलओ का वेतन अगले आदेश तक क लिए रोक दिया गया है।इस संबंध में सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी अशोक कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि निर्वाचन वर्ष से संबंधित पुनरीक्षण की महत्ता को ध्यान में रखते हुए यह कार्रवाई हुई है। उन्होंने बताया कि यह आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावी होगा।