गाजीपुर। शहर की प्रमुख सड़कों से प्रतिदिन करीब 60 हजार लोग आवागमन करते हैं। जबकि स्थिति यह है कि शहर की 11 प्रमुख सड़कें जर्जर व गड्ढों में तब्दील हैं। राहगीरों एवं नगरवासियों को पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। यहीं नहीं इन मार्गों पर गड्ढों से मेडिकल कॉलेज अस्पताल व 100 बेड के महिला अस्पताल मरीजों को ले जाने में एंबुलेंसों को एक से दो घंटे लग रहे हैं। बावजूद नगर पालिका प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है। शहर के तीन-चार सड़कों को छोड़ दिया जाए तो अधिकांश जर्जर हैं। शहर की 11 सड़कों पर इन दिनों आवागमन करना खतरे से खाली नहीं है। इसमें लालदरवाजा, गांधीपथ, मिश्रबाजार, लंका-सिंचाई विभाग चौराहा रोड, टैक्सी स्टैंड-मालगोदाम रोड, नखास-तुलसी का पुल मार्ग, रायगंज, मियांपुरा, कलक्टर घाट, बंधवा, नवापुरा, विकास भवन चौराहा से गोराबाजार, गोराबाजार से रिवर बैंक कॉलोनी जाने वाली सड़कें शामिल हैं। मार्ग पर जगह-जगह गड्ढे होने से लोग परेशान हो रहे हैं।
शहर की जर्जर सड़कों का निर्माण कार्य कराया जाएगा। एक महीने में शहर की सभी जर्जर सड़कों का निर्माण कार्य करा दिया जाएगा। - डीके राय, ईओ नगर पालिका
लालदरवाजा शहर का प्रमुख बाजार है। यहां बर्तन, शृंगार, दवा, कपड़े, नाश्ता आदि की दुकानें हैं। स्थिति यह है कि पेयजल की पाइप लाइन बिछाने के लिए करीब 15 दिनों से सड़क की खोदाई की गई है। गड्ढों को सही तरीके से भरा नहीं गया है। अभी तक पिचिंग भी नहीं हुई है।
शहर के नवापुरा मोहल्ले में दो वर्षों से सड़क बदहाल है। यहां पर कोई प्रोजेक्ट भी नहीं चल रहा है। इसके बावजूद नगर पालिका प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है। उखड़ी गिट्टियों पर आवागमन में परेशानी हो रही है।
बंधवा मार्ग पर जर्जर सड़क के कारण उड़ने वाला धुंआ लोगों को बीमारी बांटने का काम कर रहा है। घर से लोग स्नान करके निकलते हैं, लेकिन बंधवा मार्ग पर जाते ही पूरा शरीर धूल से पट जाता है।
गांधी पथ से लेकर प्रकाश टाकीज तक ई-रिक्शा से आवागमन करने में कलेजा कांप उठता है। गड्ढों में ई-रिक्शा का पहिया जाने के बाद हिचकोले लेने लगता है। इसके कारण ई-रिक्शा में बैठे सवारी को लगता है कि वाहन अब पलटा, तो कब पलटा।
सड़क की स्थिति नारकीय है। इस पर आवागमन करना मुश्किल है। सड़क इतनी जर्जर हो चुकी है कि पैदल चलना भी तकलीफ देह हो चुका है। - मो. अब्दुल्ला, गोईजीतर
सड़कों की खराब स्थिति के कारण दुकानदारी भी प्रभावित हो रही है। इससे दुकानदार काफी परेशान हैं। रजनीश कुशवाहा, लालदरवाजा