जौनपुर। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग की ओर से दिव्यांगजन के लिए राशनकार्ड अनिवार्य कर दिया गया है। जिसके पास राशनकार्ड होगा, उसी को पेंशन मिलेगी। नए नियम के लागू होने से चार हजार 76 दिव्यांगजन की पेंशन अटक गई है। वे अब जिला पूर्ति कार्यालय से लेकर दिव्यांगजन सशक्तीकरण कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं।
वर्तमान में जिले में दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग में 23 हजार 586 दिव्यांग पेंशनधारी हैं। बीते माह जारी हुई पेंशन सिर्फ 19 हजार 510 दिव्यांगों को ही मिला। जबकि चार हजार 76 दिव्यांगों की पेंशन राशन कार्ड व फैमिली आईडी न बने होने की वजह से रुकी हुई है। कुछ लाभार्थियों से बात की गई तो उनका कहना है कि राशन कार्ड में नाम होने के बावजूद भी पेंशन नहीं आ रही है। दिव्यांग जन सशक्तीकरण विभाग में पेंशन न मिलने की समस्या लेकर आए मछलीशहर ब्लॉक के जीरकपुर निवासी नीरज कुमार ने बताया है कि बीते 13 माह से खाते में पेंशन नहीं आ रही है। ये पता करने के लिए कार्यालय में आया हूं। जबकि राशन कार्ड भी बना है।
मेरा नाम दूसरे गांव में अंकित होने से एक साल से पेंशन की राशि मेरे खाते में नहीं आ रही है। कई बार संबंधित अधिकारियों से लिखित और मौखिक आग्रह के बावजूद भी नहीं ठीक करवाया जा रहा है।
- हीरावती देवी, सलेमपुर,सुइथाकलां
बीते एक साल से पेंशन खाते में नहीं आ रही है। ब्लॉक और जनपद मुख्यालय पर कई बार संबंधित अधिकारियों से पेंशन न आने की जानकारी दी, लेकिन अभी तक ठीक नहीं कराया गया। इससे घर का खर्च चलाना मुश्किल हो गया है।
- संदीप कुमार, निवासी-सलेमपुर,सुइथाकलां
चार हजार 76 दिव्यांगों का राशन कार्ड व फैमिली आईडी नहीं बने होने से पेंशन रुक गई है। इन लाभार्थियों का राशन कार्ड बनवाने के लिए जिलापूर्ति अधिकारी को पत्र लिखा गया है। सूची भी भेज दी गई है। शेष जिनका किसी अन्य कारण से पेंशन रुकी है उसकी जांच कर सही कराया जा रहा है। -दिव्या शुक्ला, जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी