फोटो-पेयजल, प्रकाश, यात्री प्रतिक्षालय और शौचालय की नहीं है व्यवस्था
संवाद न्यूज एजेंसी
गाजीपुर। जिला मुख्यालय पर स्थित निजी बस स्टैंडों पर मूलभूत सुविधाओं का पूरी तरह से कमी है। जबकि जिला पंचायत प्रशासन प्रति महीने इनसे लाख रुपये से अधिक की धनराशि की वसूलता है। बस स्टैंडों पर बुनियादी सुविधाएं नहीं होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
शहर में प्रमुख तौर पर चार निजी बस स्टैंड हैं। इनमें लंका, रौजा और जमानिया तिराहे पर दो बस स्टैंड स्थित हैं। लेकिन, निजी बस स्टैंडों पर न तो बैठने की व्यवस्था है और न ही प्रकाश की। यहां तक कि शौचालय, यात्री प्रतीक्षालय और पेयजल की भी मुकम्मल व्यवस्था नहीं है। यात्रियों का कहना है कि बस स्टैंडों पर यात्री प्रतीक्षालय की व्यवस्था होनी चाहिए। जहां शौचालय भी हैं, वे यूज करने लायक नहीं हैं। लंका बस स्टैंड से वाराणसी और सादात रूट के लिए बसों का संचालन होता है। रौजा से मुहम्मदाबाद और कासिमाबाद रूट के लिए बसें चलती हैं। इसी तरह जमानिया तिराहे पर स्थित दो बस स्टैंडों से मऊ और गहमर-बारा रूट के लिए बसें संचालित होती हैं। इन बस स्टैंडों से लगभग 235 बसों का संचालन प्रतिदिन विभिन्न रूटों पर होता है। इनमें बड़ी व मिनी दोनों तरह की बसें शामिल हैं। जिला पंचायत प्रशासन निजी बस स्टैंडों से प्रति माह लगभग 1,76,250 रुपये की वसूली करता है। इसमें थ्री व्हीलर, जीप और टोयटो का राजस्व वसूली शामिल नहीं है। यदि इन्हें भी शामिल कर दिया जाए तो यह आंकड़ा और भी ऊपर चला जाएगा।
इन वाहनों से इतने रुपये की होती है वसूली (प्रतिदिन)
वाहन किराया
मिनी बस 25
बड़ी बस 30
जीप 20
थ्री व्हीलर 15
टोटो 10
लंका बस स्टैंड पर शौचालय तो बना है लेकिन यूज करने लायक नहीं है। हैंडपंप शुद्ध पानी नहीं आता है। जलनिकासी की व्यवस्था नहीं होने से बारिश में जलजमाव होता है। स्टैंड में गड्ढे होने के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।-जगत नारायण, स्टेशन इंचार्ज लंका बस स्टैंड
स्टैंड पर शौचालय, पेयजल की व्यवस्था नहीं है। स्टैंड के ऊपर से ही बिजली निगम का हाईटेंशन तार गुजरा हुआ है। जलनिकासी की व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश के समय जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। -अलीशेर खान, स्टेशन इंचार्ज मऊ बस स्टैंड
निजी स्टैंडों पर बुनियादी सुविधाओं को मुहैया कराने के लिए कदम उठाया जाएगा। जल्द ही निजी स्टैंडों पर पर मूलभूत सुविधाओं को मुहैया करा दिया जाएगा। -अरविंद कुमार, एमओ जिला पंचायत