जिला पंचायत सभागार में विश्व हिन्दू परिषद के मातृशक्ति एवं दुर्गा वाहिनी के जन जागरूकता सम्मेलन
- फोटो : भिनगा कोतवाली में बैठक करते एएसपी।
गाजीपुर। विश्व हिंदू परिषद मातृशक्ति एवं दुर्गा वाहिनी के तत्वावधान में रविवार को जिला पंचायत सभागार में धर्मांतरण के खतरे के विषय पर जनजागरूकता सम्मेलन आयोजित किया गया। काशी प्रांत मातृशक्ति सह संयोजिका अनिता सिंह ने माताओं से बेटियों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने पर जोर दिया।
मुख्य वक्ता रिचा राय ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं पर प्रकाश डालते हुए कहा कि समाज को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़े रहने की जरूरत है। विभा श्रीवास्तव ने संयुक्त परिवारों के टूटने को बच्चों में संस्कारों के क्षरण का कारण बताया।
मनोरमा राय ने धार्मिक शिक्षा और जागरूकता को आवश्यक बताते हुए कहा कि बच्चों को धार्मिक ग्रंथों से जोड़कर उनमें अच्छे संस्कार विकसित किए जा सकते हैं। ऊषा राय ने भी अपने विचार रखे। जबकि मधु यादव ने आचार-विचार और संस्कार बनाए रखने पर जोर दिया।
सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहीं काशी प्रांत मातृशक्ति सह संयोजिका अनिता सिंह ने कहा कि जिस घर में मां-बेटी के बीच संवाद बना रहता है, वहां बेटियों को गुमराह करना आसान नहीं होता। उन्होंने माताओं से बेटियों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने की अपील की। मुख्य अतिथि उच्च न्यायालय की वरिष्ठ अधिवक्ता स्वाति अग्रवाल ने धर्मांतरण से जुड़े कानूनी पहलुओं की जानकारी दी। विशिष्ट अतिथि उमा सिंह ने अपने अनुभव साझा करते हुए माताओं-बहनों का मार्गदर्शन किया। कार्यक्रम में बेटियों को बाल संस्कार केंद्रों से जोड़ने और महिला हेल्पलाइन 1090 के प्रति जागरूक करने पर भी जोर दिया गया। इस अवसर पर जिला प्रचारक प्रभात, विपिन श्रीवास्तव, रविराज, कृपा शंकर राय, ऋषि श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।