जिले के विद्यालयों में छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को लेकर प्रशासन लगातार निर्देश जारी कर रहा है, लेकिन न तो स्कूल प्रबंधन और न ही अभिभावक अब तक इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं। इस पर जिलाधिकारी अविनाश कुमार ने गहरी चिंता जताई है।
उन्होंने बताया कि जिला विद्यालय निरीक्षक के माध्यम से यह निर्देश जारी किया गया है कि हर विद्यालय को अपने शिक्षकों की ड्यूटी लगानी है, जो स्कूल समाप्त होने के बाद बाहर खड़े होकर उन रिक्शों और वाहनों के नाम दर्ज करें, जिनमें क्षमता से अधिक बच्चे सवार होकर घर लौटते हैं। ऐसे मामलों में स्कूलों को अभिभावकों को नोटिस जारी कर अवगत कराना है कि आपका बच्चा जिस रिक्शे से आता है, उसमें क्षमता से अधिक बच्चे सवार होते हैं। यदि कोई दुर्घटना होती है तो इसके लिए आप स्वयं जिम्मेदार होंगे। इसकी मासिक रिपोर्ट स्कूलों को जिला विद्यालय निरीक्षक को सौंपनी होती है। इसके अलावा, यह भी निर्देश दिया गया है कि स्कूलों के बाहर बिना लाइसेंस और बिना हेलमेट के दोपहिया वाहन चलाकर आने वाले छात्रों की निगरानी की जाए। ऐसे बच्चों की पहचान कर उनके अभिभावकों को भी सूचित किया जाए। जिलाधिकारी के अनुसार, पिछले तीन महीनों से इन निर्देशों को सख्ती से लागू कराने की कोशिश की जा रही है, अब इस मामले में कार्रवाई की जाएगी।