गाजीपुर। सपा की ओर से पार्टी कार्यालय समता भवन पर रविवार को लोकबंधु राजनारायण की जयंती पर माल्यार्पण एवं विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। पूर्व जिलाध्यक्ष रामधारी यादव ने कहा कि राजनारायण ने आम आदमी की खातिर एक, दो नहीं बल्कि 17 वर्ष जेल में गुजार दिए।
ऐसा कोई मुद्दा नहीं रहा, जिस पर राजनारायण ने आवाज न बुलंद की हो। आजाद भारत में जब अंग्रेजियत बढ़ रही थी, तब अंग्रेजी हटाओ आंदोलन शुरू किया। बनारस हिंदू विश्वविद्यालय से शुरू इस आंदोलन को देश भर में फैला दिया। उन्होंने कहा कि राजनारायण का निधन 69 साल की उम्र में हुआ था, लेकिन इस सात दशक के जीवनकाल में वह 80 बार जेल गए। इसमें तीन साल आजादी के पहले और 14 साल आजादी के बाद। उनकी जेल यात्राएं ये बताती हैं कि वह आमजन के सरोकारों से किस हद तक जुड़े रहे। राज नारायण ने एक ओर जहां कांग्रेस की सबसे ताकतवर नेता इंदिरा गांधी को कोर्ट और चुनाव दोनों में हराया, दूसरी तरफ उन्होंने दलितोद्धार के लिए बड़ा आंदोलन चलाया। काशी विश्वनाथ मंदिर में दलितों का प्रवेश उन्होंने ही कराया। इस मौके पर आत्मा यादव, आजाद राय, जगत मोहन बिंद, सुग्गु यादव, कृष्णा यादव, अशोक कुमार बिंद आदि मौजूद रहे।