गाजीपुर। लाकडाउन-तीन में कुछ शर्तों पर जरूरी सेवाओं की दुकानों को खोलने की छूट दी गई है, लेकिन इसका पालन सही से नहीं किया जा रहा है। अभी जिला ऑरेंज जोन में है, लेकिन मनाही के बाद भी चाय-पान और सैलून तक की दुकानें धड़ल्ले से खुल रही हैं। सुबह कुछ देर तक बाजारों में चहल-पहल रह रही है, लेकिन बाद में सन्नाटा पसर जा रहा है। शाम के समय अधिकतर बाजारों में छिटपुट ही दुकानें खुल रही हैं। लगातार बढ़ रहे लॉकडाउन से लोग ऊब गए हैं, फिर भी मजबूर होकर वह घरों में ही रह रहे हैं।
शुक्रवार को भी जिले भर के कस्बों तथा गांवों में सन्नाटा पसरा रहा। कहीं-कहीं लोग गांवों के चबूतरों और गलियों में निकल कर मजमा लगा रहे हैं। सुबह करीब ग्यारह बजे तक शहर तथा ग्रामीण क्षेत्रों की बाजारों में थोड़ी चहल-पहल दिखी लेकिन इसके बाद सन्नाटा पसर गया। बाजारों में लोगों को अधिक देर तक नहीं रहने दिया गया। करीमुद्दीनपुर, भांवरकोल, अलावलपुर आदि बाजारों में कपड़ों और सैलून की दुकानें भी खुली रहीं। लोग खरीददारी भी करते रहे। अधिकतर ग्राहक बिना मास्क के ही बाहर घूमते दिखाई दिए। भांवरकोल संवाददाता के अनुसार, पुलिस सड़क पर बेवजह घूमने वालों से सख्ती से पेश आ रही है। सड़कों पर सन्नाटा छाया रहा और इसका उल्लंघन करने वालों को पुलिस जगह-जगह सबक भी सिखाती रही। रेवतीपुर संवाददाता के अनुसार बाजार में सब्जी, राशन और दवा की छिटपुट दुकानें शाम के समय खुली देखी गईं। औड़िहार संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के सभी गांवों एवं विभिन्न जगहों पर सन्नाटा पसरा रहा। कभी-कभी शाम के समय लोग घरों के बाहर एकजुट होकर समूहों में बातचीत कर रहे हैं जिससे लाकडाउन असफल हो जा रहा है। इस प्रकार की स्थिति ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों पर अधिक देखने को मिल रही है। इसी प्रकार जिले के जमानिया, दुल्लहपुर, करंडा, नंदगंज, सैदपुर, कासिमाबाद, खानपुर, बिरनो, सेवराई, बहरियाबाद, जंगीपुर आदि क्षेत्रों में भी दिखाई दे रही है।