रेवतीपुर थाना क्षेत्र के डेढ़गावां गांव में शनिवार की देर रात घर में अकेली मौजूद युवती की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। कमरे में युवती की लाश मिलने से गांव में सनसनी फैल गई। घटना के समय वह घर पर अकेली थी। पुलिस को सूचना दिए बगैर घर वाले युवती का अंतिम संस्कार करने जा रहे थे, इसी दौरान किसी ने पुलिस अधीक्षक को इसकी सूचना दे दी। एसपी के निर्देश पर पुलिस ने रास्ते में सइता बांध पुल के पास शव को कब्जे में ले लिया। मृतका के पिता ने थाने में तहरीर देकर शव का पोस्टमार्टम कराने का आग्रह किया है।
डेढ़गावां निवासी पीआरडी जवान अमरेश राय गहमर थाने में तैनात हैं। उनकी 20 साल की बेटी वंदना बीए करने के बाद गांव के ही एक स्कूल में पढ़ाती थी। उसकी मां मंजू देवी अपने मायके गई हुई थी। शनिवार देर शाम वंदना खाना बनाकर घर से थोड़ी दूरी पर स्थित डेरे पर दादी अमरावती देवी को भोजन देने गई। दादी को खाना देकर वह घर लौट आई। वंदना घर में अकेले थी। शनिवार की देर रात करीब 12 बजे उसकी चीख सुनकर डेरे से उसकी दादी पास-पड़ोस के लोगों के साथ घर पर पहुंची। अंदर कमरे में युवती की लाश पड़ी हुई थी। उसके कपड़े अस्त-व्यस्त थे। शरीर पर कई जगह खरोंच के निशान थे। रविवार की सुबह घटना की जानकारी होते ही गहमर थाने में तैनात पिता अमरेश राय भी पहुंचे।
परिवार के लोग ग्रामीणों की मदद से युवती के शव का अंतिम संस्कार करने जा रहे थे। इसी बीच किसी ने इसकी सूचना पुलिस अधीक्षक रामकिशोर को दी। एसपी ने तत्काल रेवतीपुर थानाध्यक्ष को शव को कब्जे में लेने का निर्देश दिया। इस पर रेवतीपुर, सुहवल और नगसर थाना पुलिस ने रास्ते में सइता बांध पुल के पास शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने घर वालों से घंटों पूछताछ की। घटना को लेकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं होती रही। मृतका के पिता अमरेश राय ने बताया कि ठघटना के वक्त मैं ड्यूटी पर था। रेवतीपुर थानाध्यक्ष दुर्गेश्वर मिश्रा का कहना है कि युवती के शरीर पर चोट का कोई निशान नहीं है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की वजह का पता चल सकेगा।