गाजीपुर। शारदीय नवरात्रि का पावन पर्व 11 अक्तूबर से शुरू हो रहा है। इसके साथ ही जिले भर में शक्ति की आराधना की धूम मच जाएगी। पहले दिन गहमर स्थित मां कामाख्या धाम सहित जिले के अन्य देवी मंदिरों में भक्तों की भीड़ उमड़ेगी।
मां की आराधना कर भक्त परिवार की सुख-समृद्धि की कामना करेंगे। आश्विन मास की शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि को सुबह घटस्थापना (कलश स्थापना) के साथ शुरु होने वाले इस 10 दिवसीय महापर्व की तैयारी देवी भक्तों ने पूरा कर ली है। इस बार रविवार को नवरात्रि प्रारंभ होने के कारण मां दुर्गा का आगमन हाथी पर हो रहा है, जो सुख और समृद्धि का प्रतीक हैं। पहले दिन मां शैलपुत्री की आराधना और पूजन का विधान है।
पहले दिन गहमर स्थित मां कामाख्या धाम, शहर के मिश्रबाजार स्थित मां काली मंदिर, पीरनगर स्थित काली मंदिर, गोराबाजार स्थित दुर्गा मंदिर, मालगोदाम रोड स्थित मां शीतला मंदिर, आमघाट स्थित शीतला माता मंदिर, नवाबगंज में शीतला मंदिर, कोट किला कोहना स्थित दुर्गा मंदर, तुलसी का पुल स्थित दुर्गा मंदिर, हमीद सेतु स्थित मां काली धाम, करीमुद्दीनपुर स्थित मां कष्टहरणी देवी, दिलदारनगर स्थित सायर माता, रेवतीपुर स्थित मां भगवती देवी, बहादुरगंज स्थित मां चंडी धाम, सैदपुर स्थित काली मंदिर, मुहम्मदाबाद स्थित मनोकामना देवी, मां टड़वा भवानी सहित जिले के अन्य देवी मंदिरों में भक्तों की भीड़ उमड़ेगी।
इसको लेकर पूर्व संध्या पर शनिवार को भक्त इसकी तैयारी में जुटे रहे। पूजन स्थल की साफ-सफाई के साथ ही उस स्थान की रंगाई-पुताई तथा विद्युत सजावट का काम पूरा कर लिया गया। संवाद
नवरात्र को लेकर सजा करिमुद्दीनपुर स्थित कष्टहरणी भवानी मंदिर। संवाद
नवरात्र को लेकर सजा करिमुद्दीनपुर स्थित कष्टहरणी भवानी मंदिर। संवाद