अपनी 19 सूत्री मांगों को लेकर आस्तीन चढ़ाए माध्यमिक शिक्षक संघ ने विकास भवन परिसर में शनिवार को धरना-प्रदर्शन किया। अध्यक्षता कर रहे जिलाध्यक्ष सौरभ पांडेय ने कहा कि अगर प्रदेश सरकार 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों को पुरानी पेंशन से आच्छादित नहीं करती है तो शिक्षक सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
प्रदेशीय नेतृत्व के आह्वान पर आयोजित कार्यक्रम में जिला मंत्री शिवकुमार सिंह ने कहा कि अगर शिक्षक समुदाय एकजुटता दिखाए तो कोई भी सरकार उसकी अनदेखी नहीं कर सकती है। मंडलीय अध्यक्ष रामानुज सिंह ने कहा कि राज्य कर्मचारियों की तरह सहायता प्राप्त माध्यमिक शिक्षकों को भी चिकित्सा सुविधा अनुमन्य होनी चाहिए।
उपाध्यक्ष नवीन पांडेय ने कहा कि 2005 के बाद नियुक्त शिक्षक किसी भी दशा में नई पेंशन योजना को स्वीकार नहीं करेंगे। यह योजना शिक्षकों के साथ छलावा है। धरना में इंटर कालेज रूहीपुर के प्रबंधक द्वारा शिक्षकों एवं विद्यालय परिसर के साथ किए जा रहे अनावश्यक हस्तक्षेप के खिलाफ प्रस्ताव पारित किया।
इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार की भी निंदा की गई। अंत में जिला विद्यालय निरीक्षक के माध्यम से प्रदेश के मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। धरना सभा में दिनेशचन्द्र राय, विनोद सिंह, दिनेश सिंह, विवेकानंद गिरी, रामअवतार यादव, अशोक राय, ओमप्रकाश यादव, नारायण उपाध्याय, अनिल राय, राणाप्रताप सिंह, प्रकाशचन्द्र दुबे, डा. रेयाज, कैलाश यादव, मारकंडेय यादव, संतोष पांडेय, ओंकारनाथ राय, शंभू यादव, विभुरंजन सहाय, ह्रदयशंकर तिवारी, विनोद मिश्र, रामजी प्रसाद, राकेश मौजूद रहे।