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गाजीपुर में हास्पिटल में तोड़फोड, आगजनी

Thu, 23 Apr 2015 11:03 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला, गाजीपुर
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रेवतीपुर थाना क्षेत्र के पकड़ी गांव निवासी राजेश यादव की मौत के मामले में सिंह लाइफ केयर हास्पिटल के आरोपी चिकित्सक डा. राजेश सिंह, डा. अनुपमा सिंह तथा तीन कर्मचारियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर गुरुवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। गुस्साए लोगों ने हास्पिटल पर पथराव करने के बाद दो बाइक और एक एंबुलेंस में आग लगा दी। कई वाहनों में तोड़फोड़ की। भीड़ पर काबू पाने के लिए पुलिस को करीब 50 राउंड रबड़ की गोलियां चलाने के साथ आंसू गैस के गोले दागने पड़े।
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 पथराव में सीओ सिटी, एक सिपाही तथा एसडीएम सदर के चालक का सिर फूट गया। सूचना पर डीएम नरेंद्र सिंह पटेल, एसपी डा. उमेशचंद्र श्रीवास्तव सहित पुलिस प्रशासन के आलाधिकारी कई थानों की पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। सभी घायलों को जिला अस्पताल लाया गया। ऐहतियातन हास्पिटल पर पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। सुहवल संवाददाता के अनुसार आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर नाराज लोगों ने मृतक के पिता आनंदी सिंह यादव एवं छोटे भाई मुकेश यादव  के नेतृत्व में पकड़ी मोड़ के पास ताड़ीघाट- बारा मार्ग को जाम कर दिया। पुलिस के लिखित आश्वासन के बाद जाम समाप्त हुआ।



उधर तोड़फोड़, आगजनी के मामले में चिकित्सक के पुत्र दिव्यांश  सिंह ने 12 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस पर किए गए हमले के मामले में कोतवाली प्रभारी निरीक्षक श्रीप्रकाश दुबे की ओर से नौ नामजद तथा डेढ़ सौ अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने नामजद आरोपियों में से पांच को गिरफ्तार भी कर लिया है। इसमें दूकानदार  लल्लू चौहान, शमसुद्दीन, बेचू, कन्हैया गुप्ता तथा बीरू शामिल हैं।
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 पकड़ी गांव निवासी आनंदी यादव ने पत्नी सुदामी देवी का शहर के बक्सूपुर स्थित सिंह लाइफ केयर अस्पताल में आपरेशन कराया था। 19 अप्रैल की भोर में उसका पुत्र राजेश यादव (25 ) अस्पताल के सामने सड़क पर मृत अवस्था में मिला था। इस मामले में घर वालों ने अस्पताल के चिकित्सक दंपती तथा तीन कर्मचारियों के खिलाफ हत्या और लूट का मुकदमा दर्ज कराया लेकिन पुलिस मौत को सड़क दुर्घटना बताते हुए जांच के बाद कार्रवाई करने की बात कह रही है। वहीं घर वालों के साथ अन्य तमाम लोग आरोपियों को अविलंब गिरफ्तार करने की मांग कर रहे हैं।


गिरफ्तारी नहीं होने पर गुरुवार को सुबह करीब साढ़े दस बजे नाराज लोगों ने  हास्पिटल के पिछले हिस्से पर पथराव कर ग्लूकोज के कार्टन में आग लगा दी।  हास्पिटल के कर्मचारियों ने किसी तरह आग पर काबू पाया। इसके बाद गुस्साई भीड़ ने जमानिया तिराहे पर टायर जलाकर चक्काजाम कर दिया। पुलिस के समझाने पर लोग शांत तो हुए लेकिन कुछ देर बाद महिलाओं के साथ सैकड़ों की संख्या में आक्रोशित लोगों ने हास्पिटल पर धावा बोलकर पथराव शुरू कर दिया। अस्पताल के अंदर खड़ी दो बाइक और एंबुलेंस में आग लगा दी। पथराव में सीओ सिटी कमल किशोर, सिपाही ओमप्रकाश मिश्र तथा एसडीएम सदर के चालक अजीम का सिर फूट गया। यह देख पुलिस ने भीड़ पर काबू पाने के लिए रबड़ की गोलियां दागते हुए आंसू गैस के गोले छोड़ने शुरू कर दिए।
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