गाजीपुर जिले के सुहवल थाना क्षेत्र के रमवल गांव में बुधवार की शाम एक किशोरी ने मकान के एक कमरे में दुपट्टा के फंदा से फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस घटना से घर में कोहराम मच गया।
रमवल गांव निवासी प्रेम यादव का परिवार बुधवार की सुबह सिवान में स्थित खेत में काम करने के लिए गया था। घर पर प्रेम की पुत्री हाईस्कूल की छात्रा अंतिमा (15) अकेली थी। शाम को चार बजे परिवार के लोग खेत से लौटे तो देखा कि मुख्य दरवाजा अंदर से बंद था। इस पर लोगों ने सोचा कि शायद अंतिमा सो रही है।
लोग दरवाजा खोलने के लिए आवाज लगाने लगे, लेकिन अंदर से कोई आवाज न आने पर वह घबरा गए। पड़ोसी के घर की छत के सहारे जब मकान में पहुंचे तो देखा कि कमरे में छत की कुंडी में अंतिमा दुपट्टा के सहारे लटक रही थी। यह देख परिजन शोर मचाते हुए चीखने-चिल्लाने लगे। आवाज सुनकर पास-पड़ोस के लोग भी मौके पर पहुंच गए।
परिजन लोगों की मदद से आनन-फानन में किशोरी को नीचे उतारा और गांव में स्थित एक चिकित्सक के पास ले गए, जहां उसने उसे मृत घोषित कर दिया। परिवार के लोग शव लेकर घर पहुंचे और चीख-पुकार करने लगे। मौजूद लोग उन्हें सांत्वना देने में जुट गए। बिलखते हुए परिजन यह कहते रहे कि पता नहीं किन कारणों से अंतिमा ने अपनी जान देने का निर्णय ले लिया।
सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों से पूछताछ के शव को कब्जे में ले लिया। मृत छात्रा अपने 11 भाई-बहनों में छठवें नंबर पर थी। वह पढ़ने में काफी तेज थी। पिता घर पर कृषि कार्य कर किसी तरह परिवार का भरण-पोषण करते हैं।
घटना को लेकर लोगों में तरह-तरह की चर्चा होती रही। इस संबंध में थाना प्रभारी निरीक्षक संजय वर्मा ने बताया कि पूछताछ में परिवार के लोगों ने बताया कि पता नहीं किन कारणों से किशोरी से आत्महत्या कर लिया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।