वसंत पंचमी पर पंडालों में सरस्वती प्रतिमाओं को ले जाने का क्रम शुक्रवार को भी जारी रहा। सुबह से ही श्रद्घालु पंडाल के लिए मूर्तियां ले जाते दिखे। वहीं जिले के अधिकांश विद्यालय में वसंत पंचमी का त्यौहार धूमधाम से मनाया गया।
तुलसी सागर स्थित गौरीशंकर पब्लिक स्कूल परिसर में पंडित उमाशंकर त्रिपाठी और प्रवक्ता सत्यप्रकाश त्रिपाठी ने पूजन कार्य संपन्न कराया। इस अवसर पर विद्यालय के बच्चों ने सरस्वती वंदना, समूह गीत, समूह नृत्य एवं अनेक मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रबंधक राजेश्वर सिंह ने कहा कि मां सरस्वती ज्ञान की देवी है और ज्ञान के बिना मनुष्य का जीवन व्यर्थ है। ज्ञान के द्वारा ही अपना एवं दूसरों का जीवन प्रकाशित कर सार्थक बना सकते हैं।
इस मौके पर चंदना बनर्जी, राजकपूर, विजयशंकर राय, मीना पांडेय, आराधना सिंह, लल्ल्न सिंह, नवेंद्र भारती, प्रवीणा पाल, प्रियंका पांडेय आदि मौजूद रही। अध्यक्षता रीता सिंह और संचालन आराधना सिंह ने किया। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यालयों में भी मां सरस्वती का पूजन-अर्चन करने का क्रम जारी रहा।
दुल्लहपुर संवाददाता के मुताबिक विक्रमा चौबे संस्कृत स्नातकोत्तर महाविद्यालय देवा में शुक्रवार को सरस्वती पूजन किया गया। आदर्श ग्राम दुल्लहपुर के आदर्श युवा समिति अध्यक्ष विशाल मद्वेशिया ने सरस्वती प्रतिमा का पट खोलकर पूजन किया। इस दौरान छात्रछात्रओं ने रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किया। मौके पर अरुण पांडेय, मनोज पाण्डेय, छोटे प्रजापति, अनिल चौबे आदि मौजूद रहे। दुबिहा संवाददाता के मुताबिक क्षेत्र में सरस्वती पूजन पर छात्रों ने मां सरस्वती की पूजा अर्चना की।